भरनो प्रखंड के सुपा महुवाटोली क्षेत्र में जंगली हाथियों के एक बड़े झुंड की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। पतरा के समीप करीब 16 हाथियों के प्रवेश के बाद आसपास के गांवों के लोग सतर्क हो गए हैं और रोजमर्रा की गतिविधियां भी सावधानी के साथ की जा रही हैं।
स्थिति को नियंत्रित रखने और ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है। 30 जनवरी से 15 फरवरी तक संबंधित गांवों में हर दिन शाम 6 बजे से निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है। इस अवधि में हाथियों के विचरण वाले इलाकों में पांच या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने पर रोक रहेगी, साथ ही सड़क जाम या भीड़ जुटाने की अनुमति नहीं होगी।
हालांकि, प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह आदेश सरकारी कार्यों, बाजार-हाट, मेले, धार्मिक स्थलों पर पूजा-पाठ, शादी-विवाह और शव यात्रा जैसी आवश्यक गतिविधियों पर लागू नहीं होगा। इस संबंध में भरनो थाना प्रभारी और अंचलाधिकारी ने ग्रामीणों को जानकारी दी है।
बताया जा रहा है कि भरनो थाना क्षेत्र के मौजा सुपा, मलगो, मोरगांव, बुढ़ीपाट और महुआटोली के अलग-अलग हिस्सों में हाथियों का झुंड लगातार घूम रहा है। अनुमंडल पदाधिकारी गुमला राजीव नीरज के निर्देश पर निषेधाज्ञा लागू की गई है।
वन विभाग और क्यूआरटी (क्विक रिस्पॉन्स टीम) की टीमें मौके पर तैनात हैं और हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे अफवाहों से बचें, सतर्क रहें और हाथियों के नजदीक जाने से परहेज करें, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना से बचा जा सके।