गोड्डा जिले के मेहरमा थाना क्षेत्र के गोविंदपुर स्थित सिंह विवाह भवन में एक बंद कमरे से लगभग 40 वर्षीय युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। कमरे का दरवाज़ा अंदर से बंद था, जिसके बाद भवन संचालक अजय कुमार सिंह ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
थाना प्रभारी सौरभ कुमार ठाकुर टीम के साथ मौके पर पहुंचे और कमरे की कुंडी तोड़कर अंदर से शव को बाहर निकाला। मृतक की पहचान बिहार के मुंगेर निवासी विजय कुमार सिंह (40) के रूप में हुई है, जो स्वर्गीय अर्जुन प्रसाद सिंह के पुत्र थे। पुलिस को कमरे से सल्फास की गोलियाँ और शराब की कई खाली बोतलें भी मिली हैं।
थाना प्रभारी ने बताया कि मौत की वास्तविक वजह पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से ही पता चलेगी। साथ ही उन्होंने बताया कि विजय पिछले दो साल से अपने घर नहीं गए थे, और पत्नी व ससुराल पक्ष से भी दूरी बनाए हुए थे। मृतक के बड़े भाई संजय कुमार सिंह ने बताया कि विजय 2 दिसंबर को टाटा में एक रिश्तेदार की शादी में शामिल होने गए थे। लौटने के बाद 9 दिसंबर को मेहरमा क्षेत्र के इस विवाह भवन में आकर ठहर गए। 12 दिसंबर की सुबह परिवार को उनकी मौत की सूचना मिली।
पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए गोड्डा भेज दिया है। जानकारी के अनुसार, विजय कुमार सिंह रेलवे में ग्रुप डी कर्मचारी थे और टाटा नगर में पदस्थापित थे। उनका विवाह लगभग 15 वर्ष पहले भागलपुर जिले के बहादुरपुर में हुआ था। उनकी 10 वर्षीय पुत्री तृष्णा कुमारी है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की विस्तृत जांच कर रही है।