गिरिडीह: हेमंत सोरेन सरकार के कैबिनेट मंत्री रहे सुदिव्य कुमार सोनू का बीती देर रात हार्ट अटैक से असामयिक निधन हो गया। उनके निधन के बाद से गिरिडीह से लेकर रांची तक उनके समर्थकों में मातम पसरा हुआ है। लेकिन एक अजीब विडंबना यह भी है कि सुदिव्य कुमार सोनू हेमंत सोरेन सरकार के पांचवे ऐसे मंत्री रहे, जिनका असामयिक निधन हुआ है। इसके पहले राजेंद्र प्रसाद सिंह, हाजी हुसैन अंसारी, जगन्नाथ महतो, रामदास सोरेन का असामयिक निधन हो चुका है। अब सुदिव्य कुमार सोनू का नाम है।
हेमंत सोरेन सरकार में सुदिव्य कुमार सोनू नगर विकास एवं आवास, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा के अलावा पर्यटन, कला संस्कृति और खेलकूद मंत्री थे। वह हेमंत सोरेन की सरकार के पांचवें मंत्री रहे, जिनका बीती देर रात निधन हो गया। हेमंत सोरेन के पिछले कार्यकाल 2019 से 2024 के दौरान कई ऐसे मंत्री रहे, जिनका असामयिक निधन हुआ।
सबसे पहले बेरमो से विधायक रहे राजेंद्र प्रसाद सिंह का निधन हुआ। राजेंद्र प्रसाद सिंह का लंबे इलाज के बाद 20 मई 2020 को दिल्ली में निधन हो गया था। उस समय वह राज्य सरकार में स्वास्थ्य चिकित्सा शिक्षा मंत्री थे। उनकी उम्र लगभग 75 वर्ष थी। राजेंद्र सिंह की गिनती अपने इलाके के बडे नेताओं में होती थी।
राजेंद्र प्रसाद सिंह के बाद मधुपुर से विधायक और मंत्री रहे हाजी हुसैन अंसारी का तीन अक्तूबर 2020 को निधन हो गया। हाजी हुसैन अंसारी हेमंत सोरेन सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री थे। उनकी उम्र लगभग 73 वर्ष थी। हाजी हुसैन अंसारी की पकड अल्पसंख्यक समाज में मानी जाती थी। उनके निधन के बाद उनकी सीट पर उनके पुत्र को झामुमो ने चुनावी मैदान में उतारा। वर्तमान में हाजी हुसैन अंसारी के पुत्र हफिजुल हसन हेमंत सरकार में मंत्री हैं।
इसके बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के पिछले ही कार्यकाल में स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता मंत्री जगन्नाथ महतो का छह अप्रैल 2023 को निधन हो गया। उस समय वह मात्र 57 वर्ष के थे। जगरनाथ महतो को कोविड के दौरान फेफड़े का संक्रमण हुआ था, जिसके बाद उनके फेफड़ों को गंभीर और स्थायी नुकसान पहुंचा था। डॉक्टरों के अनुसार संक्रमण के कारण फेफड़ों में फाइब्रोसिस हो गया और फेफड़े ठीक से ऑक्सीजन का आदान-प्रदान नहीं कर पा रहे थे। इसके बाद 10 नवंबर 2020 को चेन्नई के MGM Healthcare में उनका दोनों फेफड़ों का ट्रांसप्लांट किया गया था। 2023 में उनकी तबीयत फिर बिगड़ी। उन्हें लंग ट्रांसप्लांट के बाद की जटिलताओं के चलते चेन्नई ले जाया गया। अस्पताल में उन्हें अचानक कार्डियक अरेस्ट भी आया और छह अप्रैल 2023 को उनका निधन हो गया।
इसके बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के वर्तमान कार्यकाल में घाटशिला से विधायक और मंत्री रहे रामदास सोरेन का 15 अगस्त 2025 को निधन हो गया। तब रामदास सोरेन बाथरुम में गिर पड़े। उन्हें चक्कर आ गया था। इस कारण उनके ब्रेन में गंभीर चोटें आयी। उन्हें इलाज के लिए दिल्ली ले जाया गया। लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।
अब सुदिव्य कुमार सोनू का निधन हो गया। सुदिव्य सोनू को गिरिडीह स्थित उनके आवास पर ही हार्ट अटैक आने के बाद शनिवार की रात लगभग 2.15 बजे अस्पताल में भर्ती कराया गया। उसके बाद सुबह लगभग चार बजे उनका निधन हो गया।
गिरिडीह से सुनील कुमार ठाकुर की रिपोर्ट