दुमका रेलवे स्टेशन के समीप संचालित कोयला रैक प्वाइंट और डंपिंग यार्ड को लेकर पूर्व विधायक सीता सोरेन ने केंद्र सरकार का ध्यान आकर्षित किया है। उन्होंने केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी से मुलाकात कर इस व्यवस्था को आबादी वाले क्षेत्र से हटाने की मांग रखी।
मुलाकात के दौरान सीता सोरेन ने कहा कि रेलवे स्टेशन के पास स्थित कोयला भंडारण स्थल से लगातार उड़ने वाली धूल स्थानीय लोगों के लिए गंभीर परेशानी का कारण बन रही है। उनका कहना था कि इसका प्रभाव केवल आसपास के इलाकों तक सीमित नहीं है, बल्कि रसिकपुर, दुमका नगर और निकटवर्ती क्षेत्रों के हजारों निवासी भी इससे प्रभावित हो रहे हैं।
उन्होंने मंत्री को अवगत कराया कि कोयले के महीन कण हवा में फैलने से पर्यावरणीय प्रदूषण बढ़ रहा है। साथ ही बच्चों और बुजुर्गों समेत आम लोगों में सांस से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं के मामले भी बढ़ने की आशंका है। ऐसे में जनस्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए इस डंपिंग यार्ड को किसी उपयुक्त और सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित किया जाना आवश्यक है।
सीता सोरेन ने केंद्र सरकार से मांग की कि कोयला रैक प्वाइंट और भंडारण स्थल को जल्द से जल्द घनी आबादी वाले क्षेत्र से दूर स्थापित किया जाए, ताकि स्थानीय लोगों को राहत मिल सके।
सूत्रों के अनुसार, केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया है।
इस मुद्दे पर सीता सोरेन ने कहा कि दुमका के लोगों के स्वास्थ्य और स्वच्छ पर्यावरण के हित सर्वोपरि हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि इस समस्या के स्थायी समाधान तक वे लगातार प्रयास करती रहेंगी।