देवघर में स्वास्थ्य सेवाओं का डिजिटल कायाकल्प, आयुष्मान भारत मिशन से मरीजों को मिलेगी तेज और बेहतर सुविधा

देवघर में स्वास्थ्य सेवाओं का डिजिटल कायाकल्प, आयुष्मान भारत मिशन से मरीजों को मिलेगी तेज और बेहतर सुविधा

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
Updated at : May 04, 2026, 3:55:00 PM

देवघर जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था को आधुनिक रूप देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल शुरू हो चुकी है। आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के अंतर्गत अस्पतालों में डिजिटल तकनीक को लागू किया जा रहा है, जिसकी शुरुआत सदर अस्पताल से की गई है। इस पहल के तहत ओपीडी, जांच केंद्र, प्रयोगशाला और दवा वितरण इकाइयों को चरणबद्ध तरीके से कंप्यूटरीकृत किया जा रहा है, ताकि सेवाएं अधिक व्यवस्थित और समयबद्ध हो सकें।

नई डिजिटल व्यवस्था लागू होने से मरीजों को लंबे समय तक कतारों में खड़े रहने की परेशानी से राहत मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही, उपचार के दौरान बार-बार पर्ची दिखाने की जरूरत भी कम हो जाएगी, क्योंकि सभी चिकित्सा संबंधी जानकारी डिजिटल रूप में सुरक्षित रखी जाएगी। अस्पताल प्रशासन का मानना है कि यह बदलाव स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को नई दिशा देगा।

वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. शरद कुमार के मुताबिक, यह सुविधा केवल सदर अस्पताल तक सीमित नहीं रहेगी। आने वाले समय में इसे ग्रामीण इलाकों के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) तक भी विस्तारित किया जाएगा, जिससे दूर-दराज के मरीजों को भी समान लाभ मिल सके।

इस डिजिटल अभियान के साथ-साथ आम लोगों को इसके उपयोग और लाभों के प्रति जागरूक करने पर भी जोर दिया जा रहा है। कई मरीजों ने इस पहल को सकारात्मक कदम बताते हुए कहा कि इससे समय की बचत होगी और दस्तावेज खोने जैसी समस्याओं से भी छुटकारा मिलेगा। हालांकि, कुछ लोगों ने यह सुझाव भी दिया है कि तकनीक के उपयोग को आसान बनाने के लिए डिजिटल साक्षरता बढ़ाने की आवश्यकता है।

देवघर के सिविल सर्जन डॉ. रमेश कुमार ने बताया कि इस प्रणाली के माध्यम से हर मरीज का डेटा सुरक्षित रूप से संरक्षित रहेगा, जिससे इलाज की प्रक्रिया अधिक सटीक और प्रभावी बनेगी। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि भविष्य में टेलीमेडिसिन, कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित उपचार और ई-फार्मेसी जैसी सेवाओं को बढ़ावा देकर स्वास्थ्य सुविधाओं का दायरा और व्यापक किया जाएगा।