बोकारो में बने नवनिर्मित हवाईअड्डे से उड़ान सेवाएं शुरू कराने की मांग अब जोर पकड़ने लगी है। भाजपा नेता कुमार अमित ने इस मुद्दे को लेकर प्रधानमंत्री को पत्र लिखते हुए केंद्र सरकार की उड़ान (UDAN) योजना के तहत लगभग 100 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस एयरपोर्ट को जल्द चालू करने की अपील की है।
अपने पत्र में उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य स्तर की एजेंसियों के बीच समन्वय की कमी के कारण एयरपोर्ट का उपयोग शुरू नहीं हो पाया है। उन्होंने प्रधानमंत्री से आग्रह किया कि इस दिशा में उच्चस्तरीय हस्तक्षेप कर संबंधित विभागों के बीच तालमेल स्थापित किया जाए, ताकि आम नागरिकों को इसका लाभ मिल सके।

कुमार अमित ने यह भी उल्लेख किया कि करदाताओं के पैसे से बने इस सार्वजनिक ढांचे का उपयोग नहीं होना चिंताजनक है। रखरखाव के अभाव में इसकी स्थिति बिगड़ने का खतरा बढ़ रहा है, इसलिए जल्द से जल्द यात्री विमानों का संचालन शुरू करना आवश्यक है।
इस मुद्दे को जनआंदोलन का रूप देने की कोशिश करते हुए उन्होंने बोकारो के नागरिकों से अपील की कि वे प्रधानमंत्री को पोस्टकार्ड भेजकर अपनी मांग दर्ज कराएं। उन्होंने बताया कि बोकारो वेलफेयर सोसायटी भी इसी तरह का एक अभियान शीघ्र शुरू करने जा रही है, जैसा कि पहले बीएसएल विस्तार के लिए किया गया था।

राजनीतिक मोर्चे पर भी उन्होंने राज्य सरकार और विपक्षी दलों पर निशाना साधा। उनका आरोप है कि धनबाद और बोकारो के लोगों को भ्रमित किया जा रहा है और एयरपोर्ट को किसी अन्य जिले में स्थानांतरित करने की साजिश रची जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि जिले के मौजूदा विधायक इस मुद्दे पर चुप हैं, जो क्षेत्र के हित में नहीं है।
अंत में उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जनप्रतिनिधि इस विषय पर सक्रिय नहीं होते हैं, तो जनता आगामी चुनाव में इसका जवाब देगी। इस संबंध में नागरिकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने सेक्टर-2 स्थित मुख्य डाकघर में पोस्टमास्टर को पत्र सौंपा, जिसे प्रधानमंत्री कार्यालय भेजा जाएगा। इस प्रतिनिधिमंडल में धनंजय चौबे, शिव प्रसाद, शंकरलाल गोप, संतोष पंडित, चंद्रप्रकाश और विनय कुमार समेत अन्य लोग शामिल थे।