बिहार की 3 हस्तियों को पद्मश्री अवार्ड, भारत सिंह भारती, विश्वबंधु और गोपाल जी त्रिवेदी को मिला सम्मान

केंद्र सरकार ने गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर रविवार को साल 2026 के लिए 131 पद्म पुरस्कारों की घोषणा की है। इसमें 3 हस्तियां बिहार के हैं। भरत सिंह भारती, विश्वबंधु और गोपाल जी त्रिवेदी को पद्मश्री से सम्मानित किया गया है

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
Updated at : Jan 25, 2026, 11:21:00 PM

बिहार की 3 हस्तियों को पद्मश्री  पुरस्कार

1. भरत सिंह भारती: 1962 से पटना आकाशवाणी से जुड़े हैं। लगातार आकाशवाणी पटना से अपने गीत के माध्यम से लोगों को मंत्रमुग्ध किया है। भरत ने विश्व में भोजपुरी लोकगीत को पहुंचाया। उन्होंने अपने टीम के साथ मॉरिशस में 35 से ज्यादा कार्यक्रम किया है।

आकाशवाणी और दूरदर्शन पर समान रूप से भोजपुरी लोकगीत के कार्यक्रम किए। इन्हें बिहार सरकार ने भी कला के क्षेत्र में सम्मानित किया है।

2. डॉ. गोपाल जी त्रिवेदी: यह प्रमुख कृषि वैज्ञानिक, शिक्षाविद् और पूर्व कुलपति हैं। वे मुजफ्फरपुर के मतलुपुर (गायघाट क्षेत्र) के हैं और बिहार में कृषि क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान के लिए जाने जाते हैं। राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय (पूर्व में राजेंद्र कृषि विश्वविद्यालय), पूसा के पूर्व कुलपति रहे हैं। वे कृषि विस्तार, किसानों की आय बढ़ाने, तकनीकी उपयोग और सतत खेती पर काम करने के लिए प्रसिद्ध हैं।

रिटायरमेंट के बाद भी वे खुद खेती करते हैं और गांव में रहकर किसानों के लिए मॉडल फार्मिंग का उदाहरण पेश करते हैं जैसे तालाबों को एकीकृत खेती में बदलना। बिहार में किसानों की आय दोगुनी करने, मक्का/चना जैसी फसलों की बेहतर खेती और विज्ञान-आधारित कृषि पर उनके लेख और व्याख्यान काफी प्रभावशाली रहे हैं।

3. पटना के लोक नर्तक और गुरु विश्व बंधु को डोमकच नृत्य के लिए पद्म श्री 2026 से सम्मानित किया गया। 95 साल की उम्र में 30 मार्च 2025 को उन्होंने दिल्ली में अंतिम सांस ली थी।

डोमकच के अलावा विश्वबंधु कल्चरल नृत्य के भी जानकार थे। विश्वबंधु ने 'सुरांगन' संस्था शुरू किया था, जिसमें उन्होंने कई कलाकार तैयार किए। विश्व बंधु ने देशभर में अपनी नृत्य कला का प्रदर्शन कर लोक शैलियों को बढ़ावा दिया।

विश्वबंधु को बिहार में लोकनृत्य के विकास और इसके संरक्षण में उनके योगदान के लिए बिहार सरकार की ओर से लाइफ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार और संगीत नाटक अकादमी की ओर से टैगोर अकादमी पुरस्कार से सम्मानित हो चुके हैं।