बिहार के योजना एवं विकास विभाग के एक्सक्यूटिव इंजीनियर नारद कुमार दास के मुजफ्फरपुर स्थित फ्लैट में EOU की छापेमारी के दौरान 50 लाख रुपये कैश बरामद हुआ है। बिहार पुलिस की आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में योजना एवं विकास विभाग के कार्यपालक अभियंता नारद कुमार दास के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। विशेष न्यायालय, निगरानी, पटना से तलाशी वारंट प्राप्त करने के बाद 8 अक्टूबर को भागलपुर, मुंगेर, पटना और मुजफ्फरपुर स्थित उनके पांच अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी की गई।
आर्थिक अपराध थाना कांड संख्या 28/26, दिनांक 7 अक्टूबर 2026 के तहत भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(2) सहपठित धारा 13(1)(बी) के तहत मामला दर्ज किया गया है। जांच में प्रथम दृष्टया नारद कुमार दास द्वारा अपनी ज्ञात वैध आय से करीब 64.93 प्रतिशत अधिक संपत्ति अर्जित करने के साक्ष्य मिलने की बात कही गई है। उनकी ज्ञात वैध आय 83 लाख 53 हजार 200 रुपये बताई गई है।
छापेमारी के दौरान मुजफ्फरपुर स्थित उनके ससुराल से 50 लाख 50 हजार रुपये नकद और अन्य दस्तावेज बरामद किए गए। वहीं मुंगेर के कासिम बाजार थाना क्षेत्र स्थित किराये के आवास से 1.70 लाख रुपये नकद, करीब 30 लाख रुपये मूल्य के गहने, हुंडई i10 Sportz कार, मोटरसाइकिल और ज्वेलरी खरीद से संबंधित कई रसीदें बरामद हुई हैं।
भागलपुर स्थित पैतृक आवास से जमीन खरीद से जुड़े दस्तावेज और करीब 5 लाख रुपये मूल्य की ज्वेलरी खरीद से संबंधित रसीदें भी बरामद की गई हैं। जांच के दौरान आदित्य बिरला और जीवन बीमा में निवेश से संबंधित दस्तावेज तथा विभिन्न बैंकों के कुल चार खातों की पासबुक और चेकबुक की प्रतियां भी बरामद हुईं। इन खातों में मौजूद 17 लाख 15 हजार 688 रुपये की राशि फ्रीज कराई गई है।
EOU के मुताबिक वर्ष 2026 में पटना के कुसुमपुरम इलाके में नारद कुमार दास द्वारा अपनी सास बिना विद्यार्थी के नाम पर 3.9 डिसमिल जमीन खरीदने की जानकारी भी सामने आई है। जमीन को करीब 50 लाख रुपये में खरीदा गया, जबकि उसका सरकारी मूल्य 68.41 लाख रुपये और वर्तमान बाजार मूल्य करीब 1.5 करोड़ रुपये बताया गया है।
जांच में इस जमीन की खरीद के दौरान कई स्तरों पर लेयरिंग किए जाने और उनकी पत्नी के खाते से राशि ट्रांसफर किए जाने के प्रमाण मिलने की बात भी प्रेस नोट में कही गई है। आर्थिक अपराध इकाई ने कहा है कि बरामद दस्तावेजों और जब्त सामग्रियों की जांच जारी है। अब तक की तलाशी में आय से अधिक संपत्ति में और वृद्धि होने की पूरी संभावना जताई गई है।
नारद कुमार दास ने वर्ष 2014 में पटना स्थित जल संसाधन विभाग में सहायक अभियंता के रूप में सेवा शुरू की थी। वर्तमान में वे प्रतिनियुक्ति पर योजना एवं विकास विभाग के स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन, कार्य प्रमंडल मुंगेर में कार्यपालक दंडाधिकारी के पद पर पदस्थापित बताए गए हैं। मामले और सरकारी सेवक के रूप में कर्तव्यों में विचलन के संबंध में उनके पैतृक जल संसाधन विभाग को भी सूचना दी जा रही है।