बिहार में कड़ाके की ठंड, 18 जिलों का तापमान 10 डिग्री से नीचे, 5 जिलों में घने कोहरे का अलर्ट

बिहार में ठंड का असर अभी पूरी तरह से खत्म होने वाला नहीं है। मौसम विभाग ने साफ कर दिया है कि आने वाले दिनों में ठंड से राहत की उम्मीद कम है। फिलहाल राज्य के 15 जिलों के लिए घने कोहरे को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
Updated at : Jan 14, 2026, 9:33:00 AM

बिहार में ठंड का असर अभी पूरी तरह से खत्म होने वाला नहीं है। मौसम विभाग ने साफ कर दिया है कि आने वाले दिनों में ठंड से राहत की उम्मीद कम है। फिलहाल राज्य के 15 जिलों के लिए घने कोहरे को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। सुबह और देर रात को कोहरे का असर ज्यादा देखने को मिल सकता है, जिससे दृश्यता प्रभावित होने की संभावना है।

मौसम विभाग के अनुसार 18 जनवरी को एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। इसके असर से 20 जनवरी के बाद ठंड में फिर से बढ़ोतरी होने की आशंका जताई गई है। खासकर पश्चिम और उत्तर-पश्चिम बिहार के जिलों में हल्की बारिश भी हो सकती है, जिससे तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है।

फिलहाल बिहार के 18 जिलों का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना हुआ है। बीते 24 घंटों में भागलपुर जिले के सबौर में सबसे कम 5.9 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया है, जो इस सीजन का काफी कम तापमान माना जा रहा है। लगातार गिरते तापमान के कारण लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ रहा है,

पटना सहित पूरे राज्य में सुबह के समय कुहासा छाया रहा, हालांकि दिन चढ़ने के साथ ही तेज धूप निकल आई। धूप खिलने से लोगों को ठिठुरन भरी ठंड से थोड़ी राहत जरूर मिली, लेकिन सुबह और शाम की ठंड अब भी परेशान कर रही है।

ठंड को देखते हुए पटना जिला प्रशासन ने स्कूलों को लेकर अहम फैसला लिया है। पटना जिले में ठंड में कुछ कमी आने के बाद जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एसएम ने पहली कक्षा से लेकर 12वीं तक की कक्षाओं के संचालन की अनुमति सुबह 9 बजे से देने का आदेश जारी किया है।

हालांकि, बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 16 जनवरी तक पहली कक्षा से नीचे की कक्षाओं—नर्सरी, एलकेजी और यूकेजी—को बंद रखने का फैसला लिया गया है। इस आदेश के तहत प्री-स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र भी बंद रहेंगे। इससे पहले जिलाधिकारी ने 13 जनवरी तक पांचवीं कक्षा तक की पढ़ाई बंद रखने का आदेश दिया था।