नदियां उफान पर, बिहार में बाढ़ का खतरा! पटना से भागलपुर तक अलर्ट, डूबने लगे गांव-खेत

बिहार में कम बारिश के बावजूद नदियां उफान पर है। गंगा, सोन, कोसी, गंडक, सरयू और बागमती के बढ़ते जलस्तर से कई जिलों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। पटना के पास गंगा नदी खतरे के निशान को पार कर चुकी है।

बिहार में कम बारिश के बावजूद नदियां उफान पर है। गंगा, सोन, कोसी, गंडक, सरयू और बागमती के बढ़ते जलस्तर से कई जिलों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। पटना के पास गंगा नदी खतरे के निशान को पार कर चुकी है। दियारा के निचले इलाकों में पानी भर गया। पटना, भोजपुर, बक्सर, सिवान, रोहतास, भागलपुर, बेगूसराय और पश्चिमी चंपारण में नदी किनारे रहने वाले लोगों की चिंता बढ़ गई है। कई जिलों में नदी का पानी निचले इलाकों तक पहुंच गया। कहीं खेत डूबने लगे हैं, तो कहीं घाट और मंदिर परिसर पानी में भर गया। कई जगह नदी कटाव कर रही है।

पटना के गांधी घाट पर गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। गांधी घाट पर गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 62 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया। 22 अगस्त को गांधी घाट पर जलस्तर 49.35 मीटर दर्ज किया गया, जबकि यहां खतरे का निशान 48.60 मीटर है। गंगा हाथीदह में भी जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर दर्ज किया गया। हाथीदह में गंगा के खतरे का निशान 41.76 मीटर जबकि शनिवार को यहां गंगा का जलस्तर 42.19 मीटर पहुंच गया। दियारा इलाकों के निचले हिस्सों में पानी भरने लगा। इसका सीधा असर लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ा है। पानी भरने के कारण कई जगह बच्चों और शिक्षकों का स्कूल जाना भी बंद हो गया है।  

मुंगेर में गंगा का जलस्तर करीब 37.91-37.82 मीटर के आसपास दर्ज किया गया है। यह खतरे के निशान से महज 1.33 मीटर नीचे है। लेकिन चेतावनी स्तर के करीब पहुंचने से तटवर्ती इलाकों में चिंता बढ़ गई है। देर शाम मंदिर परिसर में बाढ़ का पानी पहुंच गया। मंदिर के आसपास भी पानी बढ़ रहा है।    

भागलपुर में गंगा का जलस्तर बढ़ने के साथ कटाव भी तेज हो गया।  सबौर प्रखंड के राजनदीपुर गांव में नदी तेजी से कटाव कर रही है। शुक्रवार शाम छह बजे जलस्तर 32.49 मीटर दर्ज किया गया, जबकि वार्निंग लेवल 32.68 मीटर है। बरारी, रजंदीपुर, फरका, बाबूपुर, घोषपुर और ममलखा समेत कई दियारा क्षेत्रों में खेतों में पानी फैल गया है।

पश्चिमी चंपारण के रेवहिया गांव में गंडक नदी का कटाव भीषण रूप ले चुका है। करीब 500 मीटर पक्की सड़क नदी में समा चुकी है।  बक्सर में पिछले चार दिनों में गंगा का जलस्तर करीब 4.5 मीटर बढ़ चुका है। दियारा क्षेत्रों के साथ चौसा के मैदानी इलाकों में भी पानी पहुंचने लगा है। रामरेखा घाट स्थित विवाह मंडप में पानी घुस गया है।  

सिवान के दरौली में सरयू नदी का जलस्तर 61.11 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान 60.82 मीटर से 29 सेंटीमीटर ऊपर है। नदी का पानी सोहागरा, सोनहुला, श्रीकलपुर, गुठनी, बलुआ और तीर बलुआ समेत कई निचले इलाकों में पहुंच गया है। वहीं भोजपुर में गंगा नदी के जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि से शाहपुर प्रखंड के दियारा इलाके में बाढ़ का खतरा गहराने लगा है। गंगा का पानी सहायक नदियों और धाराओं के माध्यम से खेतों के बाद अब गांवों की ओर तेजी से फैलने लगा है।