राज्य के गोपालगंज से पुलिस ने एक ऐसे युवक को गिरफ्तार किया है, जो थानाध्यक्ष के नाम पर ही लोगों से अवैध वसूली कर रहा था। आरोपी पड़ोस के उत्तर प्रदेश का निवासी बताया जा रहा है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। अब पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
मिली खबर के अनुसार गोपालगंज में थानाध्यक्ष के नाम पर केस से मुक्त कराने का झांसा देकर अवैध वसूली करने वाले एक शातिर जालसाज को गोपालगंज पुलिस ने गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अभियुक्त के पास से अपराध में इस्तेमाल किया गया मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है। पुलिस ने मामले में अब तक एक लाख रुपये की अवैध वसूली की पुष्टि की है. मिली जानकारी के अनुसार, बीते 14 जून 2026 को विजयीपुर थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि विजयीपुर थाना कांड संख्या 182/26 के एक अभियुक्त को केस से मुक्त कराने का प्रलोभन देकर थाना प्रभारी के नाम पर दो लाख रुपये की अवैध मांग की जा रही है।
सूचना मिलते ही विजयीपुर थानाध्यक्ष ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले की वैज्ञानिक और तकनीकी जांच शुरू की। जांच के दौरान मिले पुख्ता साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने 17 जून 2026 को विजयीपुर थाना कांड संख्या 195/26 दर्ज कर अनुसंधान को आगे बढ़ाया। तकनीकी एवं वैज्ञानिक साक्ष्यों के विश्लेषण से यह साफ हुआ कि आरोपी द्वारा मोबाइल नंबर 9576241989 और 9984998499 के माध्यम से अब तक एक लाख रुपये की अवैध राशि प्राप्त की जा चुकी थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित जाल बिछाकर नामजद अभियुक्त को दबोच लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान यूपी क़े देवरिया जिले क़े भटनी थाना क़े जिगना दीक्षित गांव निवासी हंसनाथ विश्वकर्मा क़े पुत्र मंतोष विश्वकर्मा के रूप में हुई है। पुलिस की कड़ी पूछताछ में आरोपी ने थानाध्यक्ष के नाम पर की जा रही इस धोखाधड़ी और अवैध वसूली में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है।
पुलिस ने उसके पास से घटना में प्रयुक्त मोबाइल भी जब्त किया है। गोपालगंज एसपी विनय तिवारी क़े मुताबिक गिरफ्तार अभियुक्त के खिलाफ आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेजा जा रहा है. इस रैकेट के अन्य पहलुओं और कड़ियों की भी गहनता से जांच की जा रही है।
गोपालगंज से कुमार प्रदीप की रिपोर्ट