भागलपुर : भागलपुर में अपराधियों के मन से पुलिस का खौफ किस कदर खत्म हो चुका है, इसकी बानगी रविवार को मुजाहिदपुर थाना क्षेत्र में देखने को मिली। यहां थाना से महज 100 मीटर की दूरी पर अपराधियों ने ऐसा खूनी तांडव मचाया की रेलवे स्टेशन का मुख्य गेट कुछ देर के लिए जंग का मैदान बन गया। वजह महज इतनी थी कि स्थानीय लोगों ने एक यात्री से मोबाइल छीनकर भाग रहे बदमाश का विरोध कर दिया था। पहले अकेले पहुंचे बदमाश ने गाली-गलौज और धमकी दी, लेकिन बात यहीं खत्म नहीं हुई। करीब आधे घंटे बाद वह पांच से सात साथियों को लेकर लौटा और फिर शुरू हुआ गोलियों और चाकुओं का खूनी खेल। बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग के साथ चाकूबाजी की, जिसमें दो लोग घायल हो गए। गोली मोहम्मद मेराज के बाएं हाथ में लगी, जबकि मोहम्मद आमिर को चाकू मारकर जख्मी कर दिया गया। दोनों का इलाज भागलपुर सदर अस्पताल में चल रहा है।
मोबाइल छिनतई का विरोध बना खूनी संघर्ष की वजह
घायलों के परिजनों के मुताबिक, रेलवे स्टेशन के गेट नंबर-6 के पास एक यात्री का मोबाइल छीनकर बदमाश भाग रहा था। मोबाइल छिनतई का शिकार हुए यात्री ने शोर मचाते हुए स्थानीय लोगों से मदद मांगी। इसके बाद आसपास के लोगों ने बदमाश को रोकने की कोशिश की। उस वक्त बदमाश अकेला था। विरोध होते ही वह उल्टे स्थानीय लोगों से भिड़ गया और गाली-गलौज करते हुए धमकी देने लगा। उसने कहा कि जो करना है कर लो। उस वक्त लोगों ने समझा कि मामला शांत हो गया है, लेकिन बदमाश के मन में कुछ और ही चल रहा था। आरोप है कि करीब आधे घंटे बाद वही बदमाश अपने 5 से 7 साथियों के साथ हथियारों से लैस होकर लौट आया। इसके बाद न कोई चेतावनी, न कोई लिहाज, सीधे फायरिंग शुरू कर दी। अचानक गोलियां चलने लगीं और देखते ही देखते पूरा इलाका दहशत में आ गया।
गली से रेलवे परिसर तक बदमाशों ने बरसाईं गोलियां
परिजनों के अनुसार, बदमाशों ने सबसे पहले रेलवे गेट नंबर-6 के बाहर स्थित गली में फायरिंग की। इसके बाद उनका उत्पात रेलवे परिसर तक पहुंच गया। टिकट काउंटर और पार्किंग क्षेत्र के आसपास भी गोलियां चलाई गईं। गोली की आवाज सुनते ही यात्रियों में भगदड़ मच गई। कोई दुकान की आड़ में छिपने लगा तो कोई जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगा। स्टेशन परिसर में मौजूद लोगों के बीच कुछ देर तक अफरातफरी का माहौल बना रहा। इसी दौरान बदमाशों ने चाकू से भी हमला किया। इस खूनी हमले में मोहम्मद मेराज के बाएं हाथ में गोली लगी, जबकि मोहम्मद आमिर चाकू से घायल हो गए। दोनों को आनन-फानन में सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
शाहबाज नगर के आमिर, अली और तारीख के नाम आए सामने
घटना के बाद घायलों के परिजनों की ओर से कुछ आरोपियों के नाम सामने आए हैं। इनमें शाहबाज नगर कमेली निवासी आमिर, अली और तारीख बताए जा रहे हैं। इनके साथ दो अन्य बदमाश भी शामिल थे, जिनकी पहचान फिलहाल नहीं हो सकी है। परिजनों और स्थानीय लोगों के अनुसार, सभी आरोपी भागलपुर के चर्चित पासा गैंग से जुड़े बताए जा रहे हैं। हालांकि, आरोपियों की भूमिका और गैंग से उनके संबंधों की पुलिस जांच के बाद ही आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी।
थाना पास, रेलवे स्टेशन व्यस्त, फिर भी अपराधियों को नहीं रहा डर!
इस पूरी घटना में सबसे चौंकाने वाली बात घटनास्थल की दूरी है। जिस जगह अपराधियों ने गोली और चाकू से हमला किया, वह मुजाहिदपुर थाना से महज 100 मीटर दूर है। रेलवे स्टेशन का मुख्य गेट होने के कारण यहां दिनभर यात्रियों, दुकानदारों और स्थानीय लोगों की आवाजाही रहती है। इसके बावजूद बदमाशों ने आधे घंटे बाद साथियों के साथ लौटकर खुलेआम फायरिंग करने की हिम्मत जुटाई।
शहर के दूसरे इलाकों में आम लोगों की सुरक्षा का क्या भरोसा?
अब सवाल यह है कि अगर थाना के इतने करीब अपराधी हथियार लहराते हुए गोलियां चला सकते हैं तो शहर के दूसरे इलाकों में आम लोगों की सुरक्षा का क्या भरोसा? मोबाइल छिनतई जैसी वारदात का विरोध करने पर अपराधियों का इस तरह गैंग बनाकर लौटना कानून-व्यवस्था के सामने बड़ी चुनौती है। फिलहाल मोहम्मद मेराज और मोहम्मद आमिर सदर अस्पताल में इलाजरत हैं। घटना के बाद रेलवे गेट नंबर-6 और आसपास के इलाके में दहशत का माहौल है। अब पुलिस के सामने आरोपियों की पहचान, गिरफ्तारी और इस दुस्साहसिक वारदात के पीछे शामिल पूरे गिरोह का पता लगाने की चुनौती है।
भागलपुर से शिवम कुमार की रिपोर्ट