JDU विधायक पप्पू पांडेय को कोर्ट से फिर मिली बड़ी राहत, भाई पर गिरफ्तारी का खतरा! 27 मई को अहम फैसला

गोपालगंज के चर्चित जमीन कब्जा और रंगदारी मामले में जदयू विधायक अमरेंद्र कुमार पांडेय उर्फ पप्पू पांडेय को एक बार फिर बड़ी राहत मिली है। जमीन विवाद मामले में अदालत ने उनकी गिरफ्तारी पर लगी रोक को बरकरार रखा।

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Amit Kumar
Updated at : May 19, 2026, 12:47:00 PM

गोपालगंज के चर्चित जमीन कब्जा और रंगदारी मामले में जदयू विधायक अमरेंद्र कुमार पांडेय उर्फ पप्पू पांडेय को एक बार फिर बड़ी राहत मिली है। जमीन विवाद मामले में अदालत ने उनकी गिरफ्तारी पर लगी रोक को बरकरार रखा। इस मामले की अगली सुनवाई अब आगामी 27 मई को होगी।

  भू-माफियाओं को संरक्षण देने और रंगदारी से जुड़े एक चर्चित मामले में विधायक पप्पू पांडेय की गिरफ्तारी पर कोर्ट ने रोक बरकरार रखी है। जांच के बाद कोर्ट की ओर से वारंट जारी किया गया था, लेकिन फिलहाल उस पर रोक लगा दी गई है। अदालत के इस निर्णय के बाद सभी पक्षों की निगाहें 27 मई की सुनवाई पर टिक गई हैं।

वहीं दूसरी तरफ इस केस के सह-आरोपियों की मुश्किलें काफी बढ़ गई हैं। मामले के मुख्य आरोपी और विधायक के भाई सतीश पांडेय तथा चार्टर्ड अकाउंटेंट राहुल तिवारी को अदालत से बड़ा झटका लगा है। कोर्ट ने दोनों की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है। अग्रिम जमानत याचिका नामंजूर होने के बाद अब इन दोनों आरोपियों पर गिरफ्तारी की तलवार लटक गई है और पुलिस किसी भी वक्त उन्हें हिरासत में ले सकती है।

सुनवाई में विधायक की ओर से बार काउंसिल ऑफ इंडिया और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता सह भाजपा के राज्यसभा सांसद मनन कुमार मिश्र आज कोर्ट में नहीं आ सके। लेकिन सिविल कोर्ट में उनके अधिवक्ता उदय कुमार और शेख असगर मौजूद थे। सीए राहुल तिवारी की ओर से पटना उच्च न्यायालय के अधिवक्ता नरेश दीक्षित ने कहा कि केस में पुलिस की अब तक की जांच और दर्ज कांड में काफी गड़बड़ियां है।  सीए राहुल तिवारी और विधायक पप्पू पांडेय पर कोई मामला ही नहीं है। वकील ने यह भी कहा, कोर्ट ने सीए, उनके भाई सतीश पांडेय समेत सभी की जमानत अर्जी को रद्द कर दिया।  हम लोग पटना हाइकोर्ट में याचिका दाखिल करेंगे।

बता दें कि यह मामला कुचायकोट विधानसभा क्षेत्र के बेलवा इलाके में करीब 16 एकड़ जमीन पर कथित कब्जा और धमकी से जुड़ा हुआ है। पुलिस जांच और दर्ज प्राथमिकी के अनुसार विधायक पप्पू पांडेय पर भू-माफियाओं को सीधे तौर पर संरक्षण देने और अपने प्रभाव का इस्तेमाल करने का गंभीर आरोप है। वहीं सतीश पांडेय और सीए राहुल तिवारी पर जमीन की हेराफेरी, धमकी और अवैध कब्जे की साजिश में मुख्य भूमिका निभाने का आरोप लगाया गया है।