RJD के बड़े नेता ने छोड़ा लालू यादव का साथ, फूट-फूटकर रोने लगे पूर्व मंत्री शिवचंद्र राम, पार्टी के सभी पदों से दिया इस्तीफा
राष्ट्रीय जनता दल के एससी-एसटी प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मंत्री शिवचंद्र राम ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पूर्व मंत्री बेहद भावुक नजर आए और मीडिया के सामने ही फूट-फूट कर रोने लगे।
बिहार एमएलसी चुनाव को लेकर राजद में नाराजगी देखी जा रही है। राजद उम्मीदवार सुनील सिंह ने आज नामांकन किया। टिकट चयन को लेकर लालू यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने भी सवाल उठाया है। अब राष्ट्रीय जनता दल के एससी-एसटी प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मंत्री शिवचंद्र राम ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने न सिर्फ प्रकोष्ठ अध्यक्ष पद छोड़ा बल्कि पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पूर्व मंत्री बेहद भावुक नजर आए और मीडिया के सामने ही फूट-फूट कर रोने लगे।
बताया जा रहा है कि बिहार एमएलसी चुनाव में टिकट नहीं मिलने और उम्मीदवार नहीं बनाए जाने से नाराज़ होकर उन्होंने यह कदम उठाया है। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पूर्व मंत्री बेहद भावुक नजर आए और मीडिया के सामने ही फूट-फूट कर रोने लगे। उन्होंने रुमाल से अपने आंसू पोंछते हुए कहा कि पिछले तीन-चार दिनों से मैंने अपनी जिंदगी के सबसे कड़े और दर्दनाक पल बिताए हैं। भगवान न करे कि ऐसी जिंदगी किसी और को देखनी पड़े। मैं पिछले चार दिनों से रात को सो तक नहीं पाया हूं।
बताया जा रहा है कि शिवचंद्र राम बिहार विधान परिषद चुनाव में टिकट न मिलने से नाराज थे। बताया जा रहा है कि आरजेडी की ओर से उन्हें उम्मीदवार नहीं बनाए जाने के बाद उन्होंने यह बड़ा फैसला लिया। शिवचंद्र राम के इस्तीफे के बाद आरजेडी के भीतर असंतोष की चर्चा तेज हो गई है। शिवचंद्र राम से पहले लालू यादव की बेटी रोहिणी आचार्या ने भी सोशल मीडिया पोस्ट शेयर कर आरजेडी एमएलसी उम्मीदवार पर निशाना साधा है और कई गंभीर आरोप लगाए हैं।
इस्तीफे की मुख्य वजह बताते हुए शिवचंद्र राम ने कहा कि पार्टी के भीतर उनके साथ भारी नाइंसाफी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ हुए इस अन्याय से बिहार के करोड़ों गरीब, दबे-कुचले, दलित और अति पिछड़े समाज के लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने कहा कि समाज के सम्मान और अधिकारों की लड़ाई के लिए राजनीति में आया। उन्होंने दलित, रविदास और वंचित समाज के बीच पार्टी को मजबूत करने का दावा किया है।
शिवचंद्र राम दलित समाज के रविदास जाति से आते हैं। वह युवा आरजेडी के प्रदेश अध्यक्ष भी रह चुके हैं। लालू यादव के भरोसेमंद नेताओं में उनकी गिनती होती है। वह वैशाली जिले के राजापाकर विधानसभा क्षेत्र से विधायक रह चुके हैं। 2015 में महागठबंधन के सरकार बनी तो उन्हें कला संस्कृति और खेल मंत्री बनाया गया। 2017 में बीजेपी के साथ गठबंधन के बाद नीतीश कुमार की नई सरकार बनी और शिवचंद्र राम को मंत्री पद से हटना पड़ा। पार्टी में उनकी पकड़ बहुत मजबूत मानी जाती है। इसलिए एक समय प्रदेश अध्यक्ष के रूप में उनका नाम सबसे आगे था।