शराबबंदी पर बीजेपी विधायक विनय बिहारी का बड़ा बयान, बोले- शराब मिलता, तबे ना लोगवा हिलता, शराब ना मिली तो लोगवा ना हिली

बिहार में शराबबंदी कानून लागू है। लेकिन सियासी दलों की नजरों में भी होम डिलीवरी चल रही है

शराबबंदी पर बीजेपी विधायक विनय बिहारी का बड़ा बयान, बोले- शराब मिलता, तबे ना लोगवा हिलता, शराब ना मिली तो लोगवा ना हिली
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By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
: Feb 22, 2026, 1:28:00 PM

बिहार में शराबबंदी कानून लागू है। लेकिन सियासी दलों की नजरों में भी होम डिलीवरी चल रही है। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी से लेकर जन सुराज के प्रशांत किशोर तक। इन नेताओं ने गाहे- बगाहे शराबबंदी कानून की उपयोगिता पर सवाल उठाते रहे हैं। ताजा मामला सत्तापक्ष में बैठी बीजेपी के एक विधायक के बयान का है। उन्होंने इस कानून पर तंज कसा है।

बिहार विधानसभा में शराबबंदी कानून की समीक्षा को लेकर सवाल खड़े हुए। उसके बाद पश्चिमी चंपारण के लौरिया से बीजेपी विधायक विनय बिहारी ने कहा है कि शराब मिलता, तबे ना लोगवा हिलता। शराब ना मिली तो लोगवा ना हिली।

 उन्होंने भोजपुरी में शराबबंदी कानून पर तंज कसते हुए खुद की सरकार को आईना दिखाने का काम किया है। विनय बिहारी ने आगे कहा कि जब मिलता, बिकाता, लोग जेलो जाता ओकरा बादो यदि सुधार नईखे त सरकार के अपना फैसला पर विचार करे के चाहीं। ( जब शराब मिल रहा है। बिक रहा है। लोग जेल जा रहे हैं। उसके बाद भी सुधार नहीं है, तो सरकार को अपने फैसले पर विचार करना चाहिए) उन्होंने यहां तक कहा कि सरकार यदि शराबबंदी कानून लागू नहीं कर पा रही है, तो इसे पूरी तरह खत्म कर देना चाहिए।

विनय बिहारी ने साफ कहा कि प्रतिबंध है, उसके बाद भी शराब की अवैध बिक्री जारी है। बिहार में सूखा नशा और ड्रग्स की खेप आ रही है। नशे की अन्य प्रवृतियां भी बढ़ रही हैं। उन्होंने कहा कि जब मैं किसी शादी या बारात में जाता हूं, तो आधे से ज्यादा लोग शराब का सेवन किए हुए मिलते हैं। उन्होंने उसके बाद भोजपुरी में कहा कि मिलता तबे न ई लोगवा हिलता। ( मिल रहा है, तभी तो लोग हिल रहे हैं)। विनय बिहारी अश्लील गानों पर सरकार के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इससे संस्कृति और भोजपुरी की रक्षा होगी। उन्होंने कहा कि सरकार को इस दिशा में ठोस और कठोर कदम उठाना चाहिए। विनय बिहारी ने शराब के मसले पर साफ कहा कि बंदी मतलब बंदी। सही तरीके से बंद किया जाए। सरकार को अपने इस फैसले पर विचार करना चाहिए।