बिहार के मुख्यमंत्री Nitish Kumar इन दिनों अपनी समृद्धि यात्रा के तीसरे चरण पर हैं। यात्रा के दूसरे दिन मुख्यमंत्री आज अररिया पहुंचे, जहां उन्होंने एक जनसभा को संबोधित करते हुए विपक्ष और पुरानी सरकार पर जमकर निशाना साधा।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि 2005 से पहले बिहार में विकास का कोई काम नहीं हुआ था। उन्होंने कहा कि उस समय राज्य में शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह चौपट थी और कानून व्यवस्था की स्थिति भी बेहद खराब थी।
नीतीश कुमार ने कहा कि पहले के दौर में लोग शाम होते ही घरों से निकलने में डरते थे और अक्सर हिंदू-मुस्लिम झगड़े की घटनाएं सामने आती थीं। उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने बिहार में कानून का राज स्थापित किया और राज्य को विकास की राह पर आगे बढ़ाया।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि उनकी सरकार ने खास तौर पर महिलाओं के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाएं शुरू कीं, जिससे समाज में महिलाओं की भागीदारी और सशक्तिकरण बढ़ा है।
सभा में मौजूद विधायक दिव्यंती देवी ने मुख्यमंत्री के कामों की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने बिहार को नई दिशा दी है। उन्होंने कहा कि जिस तरह भगवान राम के अयोध्या छोड़ने पर अयोध्यावासियों को दुख हुआ था, उसी तरह मुख्यमंत्री के जाने की चर्चा से लोगों में चिंता है।
वहीं मंत्री Ashok Choudhary ने कहा कि नीतीश कुमार ऐसे मुख्यमंत्री हैं जिनकी लोकप्रियता समय के साथ लगातार बढ़ती जा रही है। उन्होंने कहा कि 2005 में जितनी लोकप्रियता थी, उतनी ही आज 2026 में भी बनी हुई है।
सभा के दौरान चुनावी मुद्दों पर भी चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि चुनाव के समय कई तरह की अफवाहें फैलाई जाती हैं, लेकिन जनता को सच समझना चाहिए और मुख्यमंत्री के नेतृत्व में राज्य के विकास को आगे बढ़ाने के लिए समर्थन देना चाहिए।
समृद्धि यात्रा के जरिए मुख्यमंत्री अलग-अलग जिलों में जाकर विकास योजनाओं की समीक्षा कर रहे हैं और लोगों से सीधे संवाद भी कर रहे हैं।