बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के बीच अब उनके बेटे निशांत कुमार भी राजनीतिक तौर पर सक्रिय होते दिख रहे हैं।
शुक्रवार को निशांत कुमार ने जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा के पटना स्थित आवास पर करीब 24 विधायकों के साथ अहम बैठक की। इस बैठक में संजय झा के अलावा परिवहन मंत्री श्रवण कुमार, कई वरिष्ठ नेता और युवा विधायक भी शामिल हुए। करीब एक घंटे चली इस बैठक को लेकर सियासी हलकों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। माना जा रहा है कि नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के बाद जदयू की रणनीति और संगठन को लेकर यह बैठक काफी महत्वपूर्ण थी।
सूत्रों की मानें तो इस बैठक में पार्टी की आगे की राजनीतिक दिशा, विधायकों की भूमिका और बदलते हालात में जदयू की रणनीति पर चर्चा हुई। खास बात यह रही कि निशांत कुमार की मौजूदगी ने इस बैठक को और ज्यादा चर्चा में ला दिया है। लंबे समय से राजनीति से दूर रहने वाले निशांत कुमार का इस तरह सक्रिय होना कई राजनीतिक संकेत दे रहा है।
इधर, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज शनिवार को अपने गृह क्षेत्र बख्तियारपुर जाने वाले हैं। वहां वे कई विकास कार्यों की समीक्षा करेंगे और अधिकारियों के साथ बैठक भी करेंगे। माना जा रहा है कि राज्यसभा नामांकन के बाद यह उनका महत्वपूर्ण दौरा माना जा रहा है।
बताया जा रहा है कि नीतीश कुमार 10 से 14 मार्च के बीच मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे सकते हैं। उनके इस्तीफे के बाद बिहार में नए मुख्यमंत्री को लेकर हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के मुताबिक भाजपा और जदयू के बीच नए सीएम के नाम पर लगातार बातचीत चल रही है।
ऐसे में बिहार की राजनीति में आने वाले दिनों में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है, और सबकी नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि राज्य का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा।