'जिस सदन में पिताजी बैठे उसमें मैं बैठूंगा' MLC बनते ही गरजे निशांत, कहा-इन तीन चीज से समझौता नहीं
बिहार विधान परिषद की 10 सीटों पर हुए चुनाव में एनडीए और महागठबंधन के सभी 10 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित हो गए हैं। निर्वाचन प्रमाणपत्र प्राप्त करने के बाद निशांत कुमार ने कहा कि तीन चीज से समझौता नहीं करेंगे।
बिहार विधान परिषद की 10 सीटों पर हुए चुनाव में एनडीए और महागठबंधन के सभी 10 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित हो गए हैं। सभी विजयी उम्मीदवार सदन पहुंच अपना सर्टिफिकेट प्राप्त किया। जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत भी एमएलसी बने हैं। निर्वाचन प्रमाणपत्र प्राप्त करने के बाद निशांत कुमार ने कहा कि तीन चीज से समझौता नहीं करेंगे। वहीं उन्होंने नीतीश कुमार को याद करते हुए कहा कि पिताजी के काम को जारी रखने का कोशिश करूंगा।
निर्वाचन प्रमाणपत्र प्राप्त करने के बाद निशांत कुमार ने कहा कि वे अपने राजनीतिक जीवन में तीन चीजों अपराध , भ्रष्टाचार और सांप्रदायिकता से कभी समझौता नहीं करेंगे। पार्टी ने जो मुझ पर विश्वास किया उस पर खड़ा होने का कोशिश करूंगा। साथ ही उन्होंने विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में भी राज्य विकास की राह पर आगे बढ़ता रहेगा।
निशांत ने कहा-पिताजी की नीतियां रही हैं उनकी जो विचारधारा रही है विकास को लेकर बिहार का उसे जारी रखने का कोशिश करूंगा। मेरा सौभाग्य है कि जिस सदन में पिताजी बैठे हैं उसमें मैं बैठूंगा। बिहार को विकसित और समृद्ध बिहार बनाने का पिताजी का जो सपना है उसे पूरा करने का कोशिश करूंगा।
निशांत कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री के रूप में नीतीश कुमार ने बिहार में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, बिजली और सड़क जैसे क्षेत्रों में व्यापक काम किया है। उनके नेतृत्व में बिहार ने विकास के कई नए आयाम स्थापित किए और देश-दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण, जल-जीवन-हरियाली अभियान और शराबबंदी जैसी योजनाएं बिहार की बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं।
बिहार विधान परिषद की 10 सीटों पर हुए चुनाव में एनडीए और महागठबंधन के सभी 10 उम्मीदवार को निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिया गया है। बिहार में 10 विधान परिषद सीटों ( 9 रिक्त और 1 उपचुनाव) के लिए नामांकन वापसी की अंतिम तिथि तक किसी भी उम्मीदवार ने अपना पर्चा वापस नहीं लिया। जिसके बाद निर्वाची पदाधिकारी ने एनडीए और विपक्ष के सभी 10 उम्मीदवारों को निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिया। इस चुनाव में एनडीए के 9 और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के एक उम्मीदवार ने जीत दर्ज की है। सबसे ज्यादा चर्चा जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार की रही। निशांत कुमार पहली बार बिहार विधान परिषद पहुंचे हैं। वहीं भोजपुरी सुपरस्टार पवन सिंह को भाजपा ने इस बार विधान परिषद चुनाव में उम्मीदवार बनाया था। अब निर्विरोध निर्वाचन के साथ पवन सिंह एमएलसी बन गए हैं। उन्होंने पहली बार विधान परिषद में एंट्री की है।