मकर संक्रांति यानी 14 जनवरी के बाद जनता दल यूनाइटेड (जदयू) अपने संगठन को और मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रही है। पार्टी ने साफ कर दिया है कि मकर संक्रांति के बाद जदयू के हर स्तर पर संगठन चुनाव की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा। इसकी तैयारी अभी से शुरू कर दी गई है।
फिलहाल जदयू पूरे प्रदेश में सदस्यता अभियान चला रही है, जो 14 जनवरी तक जारी रहेगा। पार्टी सूत्रों के अनुसार, इस अभियान के तहत जदयू ने इस बार एक करोड़ नए सदस्य बनाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य रखा है। इसे लेकर पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से लेकर प्रदेश और जिला स्तर के पदाधिकारी लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों को पार्टी से जोड़ा जा सके।
सदस्यता अभियान के समापन के बाद 15 और 16 जनवरी को मुख्यालय स्तर पर पूरी रिपोर्ट तैयार की जाएगी। इस दौरान यह जानकारी जुटाई जाएगी कि किस क्षेत्र से कितने नए सदस्य जुड़े हैं और किस इलाके में सदस्यता अभियान कितना सफल रहा। इसके बाद संगठन चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू होगी।
जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने बताया कि संगठन चुनाव की शुरुआत पंचायत स्तर से की जाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य की सभी पंचायतों में जदयू का संगठन पहले से मौजूद है, ऐसे में सबसे पहले पंचायत स्तर पर ही चुनाव कराए जाएंगे। पंचायत स्तर पर संगठन के चुनाव की तारीख मकर संक्रांति के बाद तय की जाएगी।
प्रदेश अध्यक्ष ने यह भी स्पष्ट किया कि पंचायत स्तर के बाद प्रखंड, जिला और फिर प्रदेश स्तर पर संगठन चुनाव कराए जाएंगे। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि संगठन को मजबूत किए बिना आगामी राजनीतिक चुनौतियों का सामना करना मुश्किल है। इसी वजह से सदस्यता अभियान के बाद पूरा फोकस संगठन चुनाव पर रहेगा।
कुल मिलाकर जदयू मकर संक्रांति के बाद संगठनात्मक तौर पर खुद को और धार देने की तैयारी में है, ताकि आने वाले समय में पार्टी जमीनी स्तर पर और ज्यादा मजबूत होकर सामने आ सके।