पटना जंक्शन पर यात्रियों की बढ़ती संख्या और ट्रैफिक दबाव को देखते हुए रेलवे ने एक बड़ा और आधुनिक कदम उठाया है। पटना जंक्शन के सर्कुलेटिंग एरिया को अब 1.70 लाख वर्गफीट में विकसित करने का मास्टर प्लान तैयार किया गया है, जिससे स्टेशन परिसर और भी व्यवस्थित और सुविधाजनक बन सके।
इस योजना के तहत पावर हाउस और संचार कार्यालय को करबिगहिया साइड में शिफ्ट किया जाएगा। इसके लिए रेलवे बोर्ड ने करीब 20 करोड़ रुपये के फंड को मंजूरी दे दी है। शिफ्टिंग के बाद मुख्य क्षेत्र में ज्यादा जगह खाली होगी, जिसका उपयोग पार्किंग और यात्री सुविधाओं के विस्तार के लिए किया जाएगा।
सबसे खास बात यह है कि करीब 1.30 लाख वर्गफीट में विशाल पार्किंग एरिया विकसित किया जाएगा, जहां 6 हजार से ज्यादा गाड़ियां एक साथ पार्क हो सकेंगी। यह पार्किंग दूध मार्केट से लेकर जीपीओ तक फैली होगी, जिससे स्टेशन के दोनों ओर ट्रैफिक मैनेजमेंट आसान हो जाएगा। इस प्रोजेक्ट का प्रस्ताव दानापुर रेलमंडल द्वारा तैयार किया गया है और इसे मई में रेलवे बोर्ड को भेजा जाएगा।
नई व्यवस्था में यात्रियों को कई आधुनिक सुविधाएं भी मिलेंगी। अब लोग मोबाइल ऐप या वेबसाइट के जरिए पहले से ही पार्किंग स्लॉट बुक कर सकेंगे, जिससे समय की बचत होगी। डेली यात्रियों के लिए किफायती दरों पर मंथली पास की सुविधा भी उपलब्ध होगी।
इसके अलावा, डिजिटल इंडिया को बढ़ावा देते हुए कैशलेस पेमेंट सिस्टम लागू किया जाएगा। यात्री FASTag या QR कोड के जरिए आसानी से भुगतान कर सकेंगे। सुरक्षा के लिहाज से पूरे पार्किंग क्षेत्र में कैमरे और ट्रैकिंग सिस्टम लगाए जाएंगे, जिससे वाहनों की निगरानी और सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
कुल मिलाकर, यह योजना पटना जंक्शन को एक स्मार्ट और आधुनिक स्टेशन में बदलने की दिशा में बड़ा कदम साबित होगी।