बिहार विधानसभा में बहुमत प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने तेजस्वी यादव पर करारा पलटवार किया और कहा कि सत्ता किसी की बपौती नहीं है। इससे पहले सम्राट चौधरी ने सबसे पहले पीएम नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन और पूर्व सीएम नीतीश कुमार समेत एनडीए के सभी नेताओं और विधायकों का आभार जताया।
तेजस्वी यादव द्वारा लालू की पाठशाला से जोड़ने पर सम्राट चौधरी ने भड़कते हुए कहा कि सत्ता किसी की बपौती नहीं है। जनता के आशीर्वाद से यहां पहुंचे हैं। सम्राट चौधरी ने कहा कि नीतीश कुमार ने ट्रिपल सी पर कोई समझौता नहीं और उनकी सरकार में भी क्राइम, करप्शन और कम्युनलिज्म पर कोई समझौता नहीं होगा।
सम्राट चौधरी ने लालू यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि मेरे ऊपर अत्याचार नहीं होता तो मैं मुख्यमंत्री नहीं होता। अगर लालू जी मुझे जेल नहीं भेजते तो मैं मुख्यमंत्री नहीं होता। मुझ पर गलत आरोप लगाए गए, मैं सुप्रीम कोर्ट तक गया। साथ ही सीएम ने कहा कि नीतीश जी नहीं होते तो क्या लालू जी मुख्यमंत्री होते? लालू जी को भी मुख्यमंत्री नीतीश जी ने ही बनाया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एनडीए हमेशा किसानों और गरीबों के हित में काम करता रहा है। बिहार में सुशासन स्थापित करने में नीतीश कुमार की अहम भूमिका रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं को सरकारी नौकरियों में अवसर देना और शराबबंदी लागू करना ऐतिहासिक फैसले रहे हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि महिलाओं के ऊपर कोई भी गलत नजर उठाकर देखा गया, तो उसे पाताल से भी निकाल लिया जाएगा।