CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव नामंजूर, विपक्ष ने सरकार पर साधा निशाना

CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव नामंजूर, विपक्ष ने सरकार पर साधा निशाना

CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव नामंजूर, विपक्ष ने सरकार पर साधा निशाना
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By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
: Apr 07, 2026, 10:52:00 AM

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने के उद्देश्य से विपक्ष द्वारा लाया गया महाभियोग प्रस्ताव संसद के दोनों सदनों में स्वीकार नहीं किया गया है। राज्यसभा के सभापति सीपी राधाकृष्णन और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया। जानकारी के अनुसार, इस प्रस्ताव को लोकसभा के 130 और राज्यसभा के 63 सांसदों का समर्थन प्राप्त था।

यह प्रस्ताव 12 मार्च 2026 को संसद में पेश किया गया था, जिसमें संविधान के प्रावधानों और संबंधित कानूनों का हवाला देते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग की गई थी। इसमें विशेष रूप से अनुच्छेद 324(5), 2023 के कानून से जुड़े प्रावधानों के साथ-साथ जज (इन्क्वायरी) अधिनियम, 1968 का उल्लेख किया गया था।

लोकसभा सचिवालय द्वारा जारी बुलेटिन के मुताबिक, अध्यक्ष ने इस मामले पर व्यापक विचार-विमर्श के बाद निर्णय लिया। बुलेटिन में कहा गया है कि प्रस्ताव से जुड़े सभी पहलुओं की गहन समीक्षा के बाद, जज (इन्क्वायरी) अधिनियम, 1968 के तहत प्राप्त अधिकारों का उपयोग करते हुए नोटिस को स्वीकार नहीं करने का फैसला लिया गया। इसी तरह राज्यसभा में भी सदस्यों को आधिकारिक रूप से सूचित कर दिया गया कि प्रस्ताव को मंजूरी नहीं दी गई है।

इस फैसले के बाद राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने इस मुद्दे पर केंद्र सरकार की आलोचना की। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लोकसभा बुलेटिन साझा करते हुए इशारों-इशारों में पूर्व राज्यसभा सभापति के घटनाक्रम का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पहले भी ऐसे मामलों में अलग स्थिति देखने को मिली थी।

गौरतलब है कि पूर्व उपराष्ट्रपति और राज्यसभा के सभापति रहे जगदीप धनखड़ ने पिछले वर्ष जुलाई में स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। उनके इस्तीफे को लेकर विपक्ष पहले से ही सरकार पर सवाल उठाता रहा है।