विज्ञापन जगत के दिग्गज पीयूष पांडे का निधन, 'मिले सुर मेरा तुम्हारा' और 'हमारा बजाज' से मिली पहचान

विज्ञापन जगत के दिग्गज पीयूष पांडे का निधन, 'मिले सुर मेरा तुम्हारा' और 'हमारा बजाज' से मिली पहचान

विज्ञापन जगत के दिग्गज पीयूष पांडे का निधन, 'मिले सुर मेरा तुम्हारा' और 'हमारा बजाज' से मिली पहचान
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By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
: Oct 24, 2025, 3:42:00 PM

भारत के प्रख्यात विज्ञापन विशेषज्ञ और क्रिएटिव जीनियस पीयूष पांडेय का निधन हो गया है। उन्होंने भारतीय विज्ञापन जगत को नई पहचान दी और अपनी रचनात्मकता से कई ब्रांड्स को घर-घर तक पहुंचाया।

यादगार अभियानों के निर्माता

पीयूष पांडेय ने एशियन पेंट्स के लिए मशहूर कैंपेन “हर खुशी में रंग लाए” और कैडबरी का भावनाओं से भरा विज्ञापन “कुछ खास है” तैयार किया, जो आज भी लोगों की यादों में ताजा है। उन्होंने “मिले सुर मेरा तुम्हारा” जैसे प्रतिष्ठित गीत को भी लिखा, जिसने भारत की एकता और विविधता का संदेश दूरदर्शन के माध्यम से देशभर में फैलाया। यह गीत बाद में इंटरनेट और यूट्यूब पर भी खूब लोकप्रिय हुआ।

शानदार करियर यात्रा

पीयूष पांडेय ने फेविकोल, हच और कई अन्य ब्रांड्स के लिए प्रभावशाली विज्ञापन अभियान तैयार किए। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा के प्रचार के लिए प्रसिद्ध नारा “अबकी बार, मोदी सरकार” भी गढ़ा, जिसने राजनीति और विज्ञापन—दोनों क्षेत्रों में अपनी गहरी छाप छोड़ी।

करीब चार दशकों तक उन्होंने ओगिल्वी इंडिया में कार्य किया और उसे नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया। उनके योगदान से भारतीय विज्ञापन उद्योग में सृजनात्मकता का नया दौर शुरू हुआ।

बहुमुखी व्यक्तित्व

विज्ञापन की दुनिया में आने से पहले पीयूष पांडेय ने क्रिकेटर, चाय बागान कर्मचारी और निर्माण क्षेत्र में भी काम किया। 27 वर्ष की आयु में उन्होंने विज्ञापन क्षेत्र में कदम रखा और अंग्रेज़ी के वर्चस्व वाले इस उद्योग में भारतीय भाषा और भावनाओं की शक्ति को स्थापित किया।

उनके निधन से भारतीय विज्ञापन जगत ने एक युगांतकारी रचनाकार को खो दिया है, जिनकी रचनाएं आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनकर रहेंगी।