झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमिटी के महासचिव आलोक कुमार दुबे ने टाटा समूह द्वारा राज्य को अपना घर बताए जाने के बयान का स्वागत करते हुए इसे झारखंड के प्रति कंपनी की गहरी निष्ठा और आत्मीयता का प्रमाण बताया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के साथ मिलकर शुरू की जा रही नई औद्योगिक पहल झारखंड के विकास को नई रफ्तार देगी।
आलोक दुबे के अनुसार, टाटा स्टील की ओर से अत्याधुनिक तकनीक पर आधारित स्टील उत्पादन के लिए 11,000 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा एक ऐतिहासिक निर्णय है। उनका कहना है कि इस निवेश से उत्पादन प्रक्रिया और अधिक आधुनिक, तीव्र और पर्यावरण के अनुकूल बनेगी। साथ ही, कार्बन उत्सर्जन में कमी लाकर यह परियोजना हरित औद्योगिक विकास की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
उन्होंने बताया कि जमशेदपुर से आरंभ होने वाली यह पहल भविष्य में देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक आदर्श मॉडल के रूप में उभर सकती है। दुबे ने इसे इस बात का संकेत बताया कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड निवेश और नवाचार के लिए आकर्षण का केंद्र बनता जा रहा है।
महासचिव ने कहा कि गठबंधन सरकार की प्राथमिकताओं में किसानों और युवाओं को सशक्त बनाना सबसे ऊपर है। औद्योगिक विस्तार, कौशल विकास कार्यक्रमों और तकनीक आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने जैसे प्रयास राज्य को आत्मनिर्भर और प्रगतिशील बनाने की दिशा में मजबूत आधार तैयार कर रहे हैं।
उन्होंने विश्वास जताया कि इन पहलों के चलते झारखंड अब विकास, भरोसे और निवेश के नए गंतव्य के रूप में अपनी पहचान स्थापित कर रहा है।