रांची के हिंदपीढ़ी क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां निवेश के नाम पर एक किशोर को कथित तौर पर लाखों रुपये की ठगी का शिकार बनाया गया। इस घटना ने न केवल परिवार की आर्थिक स्थिति को झकझोर दिया, बल्कि मानसिक तनाव के बीच किशोर के पिता की मौत तक हो गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 16 वर्षीय मोहम्मद जैद की पहचान अमन हाशमी नामक युवक से हुई थी। अमन ने खुद को छात्र और कारोबारी बताते हुए जैद से संपर्क बढ़ाया। बताया जाता है कि पढ़ाई से जुड़ी बातचीत के बहाने वह उसे कांटाटोली स्थित एक फ्लैट पर बुलाता था और बाद में निवेश के जरिए अधिक लाभ दिलाने का प्रस्ताव देता था। शुरुआती दौर में जैद से तीन लाख रुपये निवेश कराए गए और कुछ समय बाद उसे छह लाख रुपये लौटाए गए। इस तरह आरोपी ने किशोर का विश्वास जीत लिया।
पहली बार मुनाफा मिलने के बाद जैद का भरोसा और बढ़ गया। परिवार की सहमति से उसने अलग-अलग माध्यमों से पैसे जुटाने शुरू किए। पर्सनल लोन, गोल्ड लोन और क्रेडिट कार्ड का सहारा लेते हुए करीब 23 लाख रुपये आरोपी को दे दिए गए। आरोप है कि इसी दौरान उसे अपना दोपहिया वाहन तक बेचने के लिए दबाव डाला गया।
जब किशोर ने अपनी रकम वापस लेने की कोशिश की तो आरोपी टालमटोल करने लगा। आरोप है कि बाद में उसे दिल्ली ले जाया गया, जहां उसके मोबाइल फोन से लेनदेन से जुड़े सबूत मिटाने की कोशिश की गई और उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई।
इतनी बड़ी आर्थिक क्षति का असर परिवार पर गहरा पड़ा। बताया जा रहा है कि इस घटना के बाद जैद के पिता मजहर आलम को गहरा सदमा लगा और उनकी तबीयत बिगड़ गई। बाद में ब्रेन हेमरेज के कारण उनका निधन हो गया। पीड़ित परिवार का कहना है कि अमन हाशमी और उसके पिता फिरोज अहमद की ओर से पत्र भेजकर किशोर को मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा है। लगातार दबाव के कारण जैद की मानसिक स्थिति भी प्रभावित होने लगी है।
मामले को लेकर किशोर की मां कमरून निशा ने हिंदपीढ़ी थाना में शिकायत दर्ज कराई है और ठगी गई रकम वापस दिलाने के साथ आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है और आरोपितों को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मामले की जांच जारी है।