पलामू जिले के पोखरहा स्थित मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज में उच्च चिकित्सा शिक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। कॉलेज प्रशासन ने पोस्ट ग्रेजुएट (PG) पाठ्यक्रम शुरू करने की प्रक्रिया को तेज कर दिया है और प्रारंभिक तौर पर पांच विभागों में इसे लागू करने की योजना बनाई गई है। इस कदम से क्षेत्र के छात्रों को अपने ही जिले में उन्नत चिकित्सा शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।
प्रस्तावित योजना के तहत कुल 20 सीटों पर दाखिला लिया जाएगा। ये सीटें एनाटॉमी, बायोकेमिस्ट्री, नेत्र विज्ञान, पैथोलॉजी और मेडिसिन विभागों में विभाजित होंगी, जहां प्रत्येक विभाग में चार-चार सीटें निर्धारित की गई हैं। इससे छात्रों को पीजी की पढ़ाई के लिए दूसरे शहरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
दाखिले की प्रक्रिया राष्ट्रीय स्तर की NEET PG परीक्षा के माध्यम से होगी। परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों की सूची संबंधित प्राधिकरण द्वारा कॉलेज को उपलब्ध कराई जाएगी, जिसके आधार पर प्रवेश प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
यह कोर्स तीन वर्षों की अवधि का होगा। बीच में पढ़ाई छोड़ने की स्थिति में छात्रों पर भारी आर्थिक दंड का प्रावधान रखा गया है, जो करीब 30 लाख रुपये तक हो सकता है। यह नियम कोर्स की निरंतरता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लागू किया गया है।
PG पाठ्यक्रम की शुरुआत से पहले संस्थान का मूल्यांकन भी किया जा चुका है। 18 मार्च को नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय और रिम्स के विशेषज्ञों की टीम ने कॉलेज का दौरा कर शैक्षणिक और आधारभूत सुविधाओं का निरीक्षण किया।
कॉलेज प्रशासन के अनुसार, निरीक्षण रिपोर्ट मिलने के बाद आवश्यक दस्तावेज नेशनल मेडिकल काउंसिल को भेजे जाएंगे। परिषद से स्वीकृति प्राप्त होने के बाद ही यहां PG कार्यक्रम औपचारिक रूप से शुरू किया जाएगा।
प्राचार्य डॉ. जक्का श्रीनिवासन राव ने दावा किया है कि जिन विभागों में PG कोर्स प्रस्तावित हैं, वहां आवश्यक संसाधन और सुविधाएं पहले से उपलब्ध हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि संस्थान सभी निर्धारित मानकों को पूरा करेगा।
इस पहल से न केवल पलामू बल्कि आसपास के जिलों के छात्रों को भी लाभ मिलेगा। साथ ही, स्थानीय स्तर पर विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ने से क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं में भी सकारात्मक बदलाव आने की संभावना है।