झारखंड में ड्रग्स के खिलाफ बड़ा एक्शन, हर जिले में होगा एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स का गठन

झारखंड में ड्रग्स के खिलाफ बड़ा एक्शन, हर जिले में होगा एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स का गठन

झारखंड में ड्रग्स के खिलाफ बड़ा एक्शन, हर जिले में होगा एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स का गठन
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By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
: Mar 14, 2026, 12:21:00 PM

झारखंड में तेजी से फैलते नशे के कारोबार और युवाओं में बढ़ती नशे की लत को लेकर राज्य सरकार अब सख्त कदम उठाने की तैयारी में है। विधानसभा के बजट सत्र के दौरान इस मुद्दे पर गंभीर चर्चा हुई, जिसमें अवैध ड्रग्स तस्करी और खासकर ब्राउन शुगर व हेरोइन के बढ़ते नेटवर्क को लेकर चिंता जताई गई। इस विषय पर पूछे गए सवालों का जवाब देते हुए मंत्री योगेन्द्र महतो ने सदन को आश्वस्त किया कि नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार पर रोक लगाने के लिए राज्य के प्रत्येक जिले में विशेष टास्क फोर्स गठित की जाएगी।

विधानसभा में चर्चा के दौरान विधायक रोशन लाल चौधरी ने हजारीबाग और रामगढ़ जिलों की स्थिति पर विशेष रूप से चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इन इलाकों में ड्रग्स का नेटवर्क तेजी से फैल रहा है और कई स्थानों पर यह समस्या गंभीर रूप ले चुकी है। रामगढ़ जिले के पतरातु, बड़कागांव और केरेडारी जैसे क्षेत्रों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि नशीले पदार्थ अब मोहल्लों और गांवों तक पहुंच चुके हैं, जिससे युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है।

विधायक ने यह भी कहा कि नशे के प्रसार का असर कानून-व्यवस्था पर भी पड़ रहा है। उनके अनुसार, चोरी, लूटपाट और हत्या जैसे अपराधों में बढ़ोतरी के पीछे नशे की लत एक बड़ा कारण बनती जा रही है। इसलिए ड्रग्स तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की आवश्यकता है।

सरकारी आंकड़ों के अनुसार राज्य में नशीले पदार्थों से जुड़े मामलों में पिछले कुछ वर्षों में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। 2019 से 2023 के बीच एनडीपीएस एक्ट के तहत कुल 2396 मामले दर्ज किए गए थे, जबकि 2023 के बाद से इन मामलों में तेजी से बढ़ोतरी देखने को मिली है। हाल के समय में हजारीबाग और आसपास के क्षेत्रों से करोड़ों रुपये मूल्य के नशीले पदार्थों की बरामदगी भी इस बात का संकेत है कि ड्रग्स तस्करी का नेटवर्क गहराई तक फैल चुका है।

सरकार ने इस चुनौती से निपटने के लिए कड़े कदम उठाने का संकेत दिया है। मंत्री योगेन्द्र महतो ने कहा कि राज्य सरकार नशे के खिलाफ सख्त रुख अपनाए हुए है और इसके लिए ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति पर काम किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि गृह विभाग को निर्देश दिया गया है कि प्रत्येक जिले में विशेष टास्क फोर्स बनाई जाए, जो सीधे तौर पर एंटी-नारकोटिक्स अभियान चलाकर ड्रग्स तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करेगी।