झारखंड में इन दिनों सर्दी ने अपना भयानक रूप दिखाना शुरू कर दिया है। राजधानी रांची सहित पूरे प्रदेश में शीतलहर और घने कोहरे ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। सुबह के समय हालात ऐसे हैं कि चारों ओर धुंध की मोटी परत छाई रहती है और दृश्यता बेहद सीमित हो जाती है। लगातार गिरते न्यूनतम तापमान ने ठंड का असर और ज्यादा बढ़ा दिया है।
रांची में न्यूनतम तापमान गिरकर 5.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। सुबह के वक्त, करीब 9 बजे तक भी कोहरा छाया रहा। मौसम विज्ञान केंद्र रांची के अनुसार उत्तर-पश्चिम दिशा से आ रही बेहद ठंडी और बर्फीली हवाएं प्रदेश में सर्दी को और तीव्र बना रही हैं। दिन में आसमान साफ रहने के बावजूद रात के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जा रही है, जिससे रातें ज्यादा ठंडी बनी हुई हैं। आने वाले तीन दिनों तक कई जिलों में घना कोहरा बने रहने की संभावना जताई गई है।
ठंड का असर अब जानलेवा भी साबित हो रहा है। जमशेदपुर से ठंड के कारण एक महिला की मौत की सूचना सामने आई है। सोमवार को प्रदेश के कई इलाकों में दृश्यता खतरनाक स्तर तक कम हो गई। देवघर में विजिबिलिटी महज 200 मीटर, जमशेदपुर में 300 मीटर और रांची में 600 मीटर रिकॉर्ड की गई। इसी को देखते हुए मौसम विभाग ने कुछ जिलों में यलो अलर्ट और कुछ संवेदनशील इलाकों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
घने कोहरे का सीधा असर सड़क यातायात पर पड़ रहा है। खासकर राष्ट्रीय राजमार्गों पर वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। प्रशासन और मौसम विभाग ने हाइवे पर सफर करने वालों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने और जरूरत न हो तो यात्रा टालने की सलाह दी है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले छह दिनों तक झारखंड में धुंध और शीतलहर का प्रभाव बना रहेगा और तापमान में और गिरावट हो सकती है। कोहरे के कारण हवाई सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं। रांची एयरपोर्ट पर दृश्यता कम होने से कई उड़ानों में बाधा आई। सोमवार को खराब मौसम के चलते चार फ्लाइट्स रद्द करनी पड़ीं, जिनमें इंडिगो की कोलकाता-रांची-कोलकाता उड़ान और एयर इंडिया एक्सप्रेस की दिल्ली व बेंगलुरु से आने-जाने वाली सेवाएं शामिल रहीं।
रेल यातायात पर भी कोहरे का असर देखा गया है, जिससे कई ट्रेनें देरी से चल रही हैं। मौसम विभाग ने लोगों से ठंड से बचाव के उपाय अपनाने, सतर्क रहने और अनावश्यक यात्राओं से परहेज करने की अपील की है।