झारखंड के सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों के कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए एक विशेष पहल की जा रही है। केंद्र सरकार और ‘कर्मयोगी भारत’ के संयुक्त प्रयास से 2 अप्रैल से 8 अप्रैल 2026 तक पूरे देश में ‘साधना सप्ताह’ आयोजित किया जाएगा, जिसमें राज्य के कर्मियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
इस पहल का उद्देश्य सरकारी तंत्र में कार्यरत कर्मचारियों को बदलती तकनीकी आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करना और उनमें निरंतर सीखने की आदत विकसित करना है। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को iGOT कर्मयोगी डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से प्रशिक्षण प्राप्त करना होगा, जिसमें आधुनिक विषयों जैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और साइबर सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया गया है। प्रत्येक कर्मचारी को न्यूनतम चार घंटे का प्रशिक्षण लेना अनिवार्य किया गया है।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में कुल आठ विषयों का चयन किया गया है, जिनमें उभरती तकनीकों की समझ, एआई के बुनियादी सिद्धांत, डिजिटल धोखाधड़ी से बचाव के उपाय और कार्यस्थल पर योग जैसी विषयवस्तु शामिल हैं। कर्मचारियों को इनमें से अपनी जरूरत और रुचि के अनुसार पाठ्यक्रम चुनने की सुविधा दी गई है।
सफल क्रियान्वयन के लिए हर विभाग में एक समिति गठित की जाएगी, जिसकी अध्यक्षता संयुक्त सचिव या उप सचिव स्तर के अधिकारी करेंगे। यह समिति पूरे कार्यक्रम की निगरानी और समन्वय का कार्य संभालेगी।
ऑनलाइन प्रशिक्षण के अलावा विभागीय स्तर पर विचार-विमर्श सत्र, वेबिनार और पैनल चर्चाएं भी आयोजित की जाएंगी, जिनमें प्रशासनिक चुनौतियों और कार्य प्रणाली में सुधार के उपायों पर चर्चा होगी।