झारखंड एकेडमिक काउंसिल (जैक) द्वारा आयोजित मैट्रिक और इंटरमीडिएट की वार्षिक परीक्षा–2026 का आगाज़ आज से हो गया है। बोर्ड ने परीक्षा को लेकर राज्य के सभी जिलों में आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं। यह परीक्षा 23 फरवरी तक चलेगी, जिसमें लाखों छात्र-छात्राएं भाग ले रहे हैं।
इस वर्ष परीक्षा व्यवस्था के तहत मैट्रिक के लिए 1232 और इंटरमीडिएट के लिए 757 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। कुल 4,23,861 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हो रहे हैं, जिनमें मैट्रिक के 3,24,321 और इंटर के 99,540 विद्यार्थी हैं।
बोर्ड के अनुसार मैट्रिक की परीक्षा सुबह की पाली में आयोजित की जा रही है, जिसका समय 9:45 बजे से 12:35 बजे तक निर्धारित है। वहीं इंटरमीडिएट की परीक्षा दोपहर की पाली में 2:00 बजे से शाम 5:15 बजे तक होगी। राजधानी रांची में कुल 139 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें से 87 केंद्र मैट्रिक और 52 केंद्र इंटरमीडिएट के लिए निर्धारित किए गए हैं। जिले में मैट्रिक के 32,723 और इंटर के 23,197 परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं।
24 घंटे सक्रिय रहेगा कंट्रोल रूम
परीक्षा के दौरान किसी भी तरह की समस्या या शिकायत के त्वरित समाधान के लिए जैक मुख्यालय में 24 घंटे संचालित होने वाला कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। परीक्षार्थी या अभिभावक 79090-84613 और 93041-07317 नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं।
इसके अलावा रांची स्थित जैक कार्यालय, दुमका के संताल परगना प्रमंडल कार्यालय और अन्य प्रमंडलीय कार्यालयों में भी कंट्रोल रूम बनाए गए हैं। रांची कार्यालय के लिए 7485093433, 7485093436 और 0651-2261466, जबकि दुमका कार्यालय के लिए 8969269055 और 06434-236134 नंबर जारी किए गए हैं।
अनुशासन और शांति बनाए रखने की अपील
जैक ने केंद्राधीक्षकों और जिला प्रशासन को निर्देश दिया है कि परीक्षा को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराया जाए। साथ ही अभिभावकों, शिक्षकों, परीक्षार्थियों और आम नागरिकों से आग्रह किया गया है कि वे अनुशासन बनाए रखें और किसी भी तरह की अफवाह या भ्रामक सूचना से दूर रहें। बोर्ड ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया पर नकली या पुराने प्रश्नपत्र प्रसारित करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। परीक्षा से जुड़ी किसी भी अनियमितता की सूचना मिलते ही तत्काल कदम उठाए जाएंगे।
ट्रैफिक डीएसपी प्रमोद केशरी ने बताया कि परीक्षा अवधि के दौरान शहर में विशेष यातायात प्रबंधन लागू किया गया है। खास तौर पर दोपहर 12:30 बजे और शाम 5:00 बजे के बाद निगरानी बढ़ाई जाएगी, ताकि परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने और लौटने में छात्रों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।