नववर्ष के मौके पर झारखंड के पुलिस महानिदेशक तदाशा मिश्रा ने पुलिस बल को संबोधित करते हुए जनसेवा को पुलिसिंग का मूल मंत्र बताया। उन्होंने सभी अधिकारियों और जवानों को नए साल की शुभकामनाएं देते हुए नई सोच, ताजगी और दृढ़ संकल्प के साथ अपने दायित्वों के निर्वहन का संदेश दिया।
अपने संबोधन में डीजीपी ने झारखंड पुलिस के जवानों की कर्तव्यपरायणता, अनुशासन, ईमानदारी और साहस की खुले तौर पर सराहना की। उन्होंने कहा कि इन्हीं मूल्यों के कारण पुलिस बल राज्य में शांति व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ सुरक्षा और विकास के मार्ग को मजबूत कर रहा है। तदाशा मिश्रा ने भरोसा जताया कि आने वाले समय में भी पुलिसकर्मी इन गुणों के सहारे राज्य को नई ऊंचाइयों तक ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहेंगे।
इस अवसर पर डीजीपी ने पुलिसकर्मियों से तीन प्रमुख संकल्प अपनाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि हर परिस्थिति में जनता की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए, कानून का पालन पूरी निष्पक्षता और संवेदनशीलता के साथ सुनिश्चित किया जाए, तथा झारखंड को एक सुरक्षित, सशक्त और प्रगतिशील राज्य बनाने की दिशा में अपनी जिम्मेदारी को और अधिक प्रभावी बनाया जाए।