झारखंड राज्य आवास बोर्ड के अध्यक्ष संजय लाल पासवान ने धनबाद में बोर्ड की कार्यप्रणाली को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसलों की जानकारी दी। सर्किट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने साफ किया कि आवास बोर्ड की संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता और निष्पक्षता सर्वोच्च प्राथमिकता होगी।
अध्यक्ष ने बताया कि धनबाद में तैयार हो चुके आवास बोर्ड के सभी फ्लैटों का आवंटन अब लॉटरी सिस्टम के जरिए किया जाएगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पात्र और जरूरतमंद लोगों को बिना किसी पक्षपात के आवास मिल सके।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बोर्ड की खाली पड़ी जमीनों के उपयोग को लेकर नई रणनीति तैयार की गई है। जमीन का आवंटन लॉटरी और नीलामी, दोनों प्रक्रियाओं के माध्यम से किया जाएगा, ताकि राजस्व में वृद्धि के साथ-साथ नियमों का पालन सुनिश्चित हो सके।
अवैध कब्जों के मुद्दे पर सख्त रुख अपनाते हुए संजय लाल पासवान ने कहा कि आवास बोर्ड की जमीन या फ्लैटों पर गैरकानूनी रूप से काबिज लोगों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। नोटिस के बावजूद कब्जा नहीं हटाने वालों को प्रशासनिक बल के सहयोग से हटाया जाएगा। साथ ही, जर्जर भवनों में रह रहे लोगों से उन्होंने जल्द से जल्द सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट होने की अपील की, ताकि किसी संभावित दुर्घटना से बचा जा सके।
अध्यक्ष ने कहा कि आवास बोर्ड का उद्देश्य केवल मकान उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि नए बसावट क्षेत्रों को विकसित करना और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। इस दिशा में बोर्ड अपनी पुरानी और प्रस्तावित योजनाओं को तेजी से अमल में लाने की तैयारी कर रहा है।
उन्होंने यह भी संकेत दिया कि पत्रकारों के लिए आवास आवंटन के विषय पर बोर्ड गंभीरता से विचार कर रहा है और इस पर भविष्य में ठोस निर्णय लिया जा सकता है।
जमशेदपुर और हजारीबाग के दौरे के बाद धनबाद पहुंचे अध्यक्ष ने पूरे दिन आवास बोर्ड की विभिन्न संपत्तियों का मौके पर जाकर निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कार्यपालक अभियंता के साथ बैठक कर जमीन और भवनों की मौजूदा स्थिति की विस्तृत समीक्षा भी की।