कैमरून में फंसे झारखंड के पांच मजदूर सुरक्षित लौटे, परिवारों में खुशी की लहर

कैमरून में फंसे झारखंड के पांच मजदूर सुरक्षित लौटे, परिवारों में खुशी की लहर

कैमरून में फंसे झारखंड के पांच मजदूर सुरक्षित लौटे, परिवारों में खुशी की लहर
swaraj post

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
: Dec 04, 2025, 12:48:00 PM

झारखंड सरकार और भारत के विदेश मंत्रालय के प्रयासों के बाद कैमरून में फंसे झारखंड के पांच मजदूर अंततः गुरुवार सुबह सुरक्षित स्वदेश लौट आए। सभी मजदूर मुंबई–हावड़ा मेल से पारसनाथ स्टेशन पहुँचे, जहाँ उनके परिजनों और ग्रामीणों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। लंबी चिंता और भय के बाद परिवारों ने राहत की सांस ली। मजदूरों ने अपनी वापसी में सहयोग देने के लिए झारखंड सरकार, केंद्र सरकार, मीडिया और समाजसेवी सिकंदर अली का विशेष धन्यवाद किया।

जानकारी के अनुसार गिरिडीह और हजारीबाग के ये मजदूर आजीविका की तलाश में अफ्रीकी देश कैमरून गए थे। आरोप है कि वहाँ की कंपनी ने बीते चार महीनों से उनकी मजदूरी रोक रखी थी, जिससे वे खाने-पीने जैसी बुनियादी जरूरतों के लिए भी तरस रहे थे। मजबूर होकर मजदूरों ने समाजसेवी सिकंदर अली की मदद से सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर अपनी घर वापसी की अपील की थी।

वीडियो सामने आने के बाद तत्काल सरकारी मशीनरी सक्रिय हुई और मजदूरों का बकाया वेतन दिलाने के साथ उनकी सुरक्षित वापसी सुनिश्चित की गई। समाजसेवी सिकंदर अली ने कहा कि रोज़गार की तलाश में विदेश जाने वाले कई भारतीय बेहद कठिन हालातों में काम करने को मजबूर होते हैं, इसलिए प्रवासी श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर सरकार को और कठोर नीतियाँ बनानी चाहिए।

सुरक्षित लौटने वालों में हजारीबाग के विष्णुगढ़ क्षेत्र के ऊँचाघना निवासी सुनील महतो, सुकर महतो, करगालो के चंद्रशेखर कुमार, डीलों महतो और गिरिडीह जिले के डुमरी निवासी दिलचंद महतो शामिल हैं।