भाजपा के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष और सांसद आदित्य साहू ने राज्य सभा में शून्यकाल के दौरान चाईबासा में हाल ही में हुई घटनाओं को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की। उन्होंने बताया कि आदिवासी समुदाय के लोगों द्वारा नो इंट्री लागू करने की मांग उठाने के बाद पुलिस और प्रशासन ने लाठीचार्ज और आंसू गैस का प्रयोग किया, जिससे कई निर्दोष नागरिक गिरफ्तार हुए। इसके साथ ही अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई और पूर्व मुख्यमंत्री के साथ उपायुक्त द्वारा दुर्व्यवहार की भी शिकायत सामने आई।
सांसद आदित्य साहू ने राज्य सभा में इस पूरे मामले की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रशासनिक कार्रवाई में पारदर्शिता बनाए रखना आवश्यक है और किसी भी समुदाय या समूह के अधिकारों का हनन नहीं होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि न्याय सुनिश्चित होना चाहिए और जिम्मेदारों को उचित कार्रवाई के दायरे में लाया जाना चाहिए।