झारखंड के कई जिलों में कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। खासकर खूंटी जिले में उत्तर-पश्चिमी हवाओं के प्रभाव से तापमान में तेज गिरावट दर्ज की गई है। बीते 24 घंटों में यहां न्यूनतम पारा 0.1 डिग्री लुढ़ककर 1.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जिससे ठिठुरन और बढ़ गई है।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, 4.0 डिग्री सेल्सियस तक के तापमान को शीतलहर की श्रेणी में माना जाता है, जबकि 2.0 डिग्री से नीचे का पारा अत्यधिक शीतलहर का संकेत देता है। विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में सुबह के समय घना कोहरा और धुंध छाए रहेंगे, हालांकि दोपहर बाद आसमान साफ रहने की संभावना है।
इन जिलों में भी सर्दी का असर गहरा
मौसम केंद्र, रांची के आंकड़ों के मुताबिक खूंटी के बाद गुमला में सबसे अधिक ठंड पड़ रही है, जहां न्यूनतम तापमान 1.5 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। डाल्टनगंज में पारा 3.5 डिग्री, पश्चिमी सिंहभूम में 3.4 डिग्री और हजारीबाग में 3.7 डिग्री तक गिर गया है।
इसके अलावा बोकारो में 4.2 डिग्री, पाकुड़ में 6.1 डिग्री, रांची में 6.4 डिग्री, कोडरमा में 6.6 डिग्री, देवघर में 7.1 डिग्री, जमशेदपुर और लातेहार में 8.0 डिग्री तथा लोहरदगा में 10.0 डिग्री न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया है।
दिन का तापमान भी गिरा, सिहरन बरकरार
10 जनवरी को जारी मौसम रिपोर्ट में अधिकतम तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। सबसे अधिक अधिकतम तापमान चाईबासा में 26.8 डिग्री रहा, जबकि सरायकेला में 25.4 डिग्री और पूर्वी सिंहभूम में 25.0 डिग्री दर्ज किया गया। राज्य के अधिकांश जिलों में दिन का अधिकतम तापमान 25 डिग्री से नीचे चला गया है।
लातेहार में अधिकतम तापमान मात्र 15.4 डिग्री रहने से दिन में भी ठंड का एहसास हो रहा है। वहीं लोहरदगा में 18.3 डिग्री, हजारीबाग में 19.3 डिग्री और रांची में 19.2 डिग्री अधिकतम तापमान रिकॉर्ड किया गया।
शीतलहर की चेतावनी, सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने खूंटी के साथ-साथ रांची और गुमला के लिए शीतलहर की चेतावनी जारी की है। बीते 24 घंटों के दौरान डाल्टनगंज, चाईबासा, बोकारो, गढ़वा, गुमला, हजारीबाग और खूंटी में शीतलहर का असर देखा गया है। कड़ाके की ठंड के कारण शाम ढलते ही लोग घरों में रहने को मजबूर हैं। मौसम केंद्र ने लोगों से विशेष सावधानी बरतने और ठंड से बचाव के उपाय अपनाने की अपील की है।