हजारीबाग में हाईवा जलाने की साजिश नाकाम, राहुल दुबे गैंग के चार सदस्य गिरफ्तार

हजारीबाग में हाईवा जलाने की साजिश नाकाम, राहुल दुबे गैंग के चार सदस्य गिरफ्तार

हजारीबाग में हाईवा जलाने की साजिश नाकाम, राहुल दुबे गैंग के चार सदस्य गिरफ्तार
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By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Urvashi
: Apr 24, 2026, 10:23:00 AM

हजारीबाग जिले के बड़कागांव क्षेत्र में कोयला परिवहन से जुड़े वाहन में आगजनी की घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 12 घंटे के भीतर मामले का पर्दाफाश कर दिया। इस कार्रवाई में कुख्यात राहुल दुबे गिरोह से जुड़े चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके पास से हथियार और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई है।

यह घटना 22 अप्रैल को बड़कागांव–हजारीबाग मार्ग पर स्थित 13 माइल के पास हुई थी, जहां एनटीपीसी पकरी बरवाडीह कोल माइंस से जुड़े एक हाईवा को निशाना बनाकर आग लगा दी गई थी। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया था।

पुलिस अधीक्षक अमन कुमार ने देर रात आयोजित प्रेस वार्ता में बताया कि घटना के पीछे संगठित आपराधिक गिरोह का हाथ था, जिसने पर्चों के जरिए इस वारदात की जिम्मेदारी भी ली थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए बड़कागांव एसडीपीओ पवन कुमार के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया, जिसने तुरंत जांच शुरू की।

सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने चंदौल गांव के हथिया पत्थर क्षेत्र में छापेमारी की, जहां कुछ संदिग्ध बड़ी वारदात को अंजाम देने की तैयारी में जुटे थे। पुलिस को देखते ही वे भागने लगे, लेकिन घेराबंदी कर चार लोगों को पकड़ लिया गया।

गिरफ्तार किए गए आरोपियों में मोहम्मद एजाज (21), मोहम्मद आफताब (22), सलामत अंसारी (24) और तुषार सिन्हा (22) शामिल हैं। सभी बड़कागांव थाना क्षेत्र के पुंदौल (चंदौल) गांव के निवासी बताए जा रहे हैं। इनके कब्जे से तीन पिस्टल, 11 जिंदा कारतूस, चार एंड्रॉइड मोबाइल फोन और नौ हस्तलिखित पर्चे बरामद किए गए हैं।

पूछताछ के दौरान आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 22 अप्रैल को हाईवा में आग लगाकर भय का माहौल बनाने की कोशिश की थी। इस दौरान गिरोह का एक सदस्य मामूली रूप से घायल भी हुआ था। पुलिस के मुताबिक, यह पूरी साजिश राहुल दुबे के निर्देश पर रची गई थी, और अगले दिन यानी 23 अप्रैल को भी इसी तरह की घटनाओं को अंजाम देने की योजना थी।

जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपियों में से कुछ पहले भी आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहे हैं। मोहम्मद एजाज और सलामत अंसारी पूर्व में भी वाहन जलाने के मामलों में जेल जा चुके हैं और विभिन्न थानों में इनके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं।

इस पूरे अभियान में एसडीपीओ अमित आनंद, थाना प्रभारी दीपक कुमार सिंह, एसआई राकेश खवास, अभिषेक कुमार और तकनीकी शाखा की टीम सहित कई पुलिस अधिकारियों ने अहम भूमिका निभाई। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है और क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया है।