गुमला जिले के रायडीह थाना क्षेत्र में दो नवजात शिशुओं की अवैध खरीद-फरोख्त मामले में पुलिस की बढ़ती कार्रवाई के दबाव में तीन आरोपितों ने आत्मसमर्पण कर दिया। पुराना रायडीह की बीटीटी सुमन एक्का, मोकरा निवासी करीना भगत और सहिया पार्वती देवी ने गुमला न्यायालय में पेश होकर सरेंडर किया।
इस प्रकरण में कुल पाँच लोगों—बीटीटी सुमन कुजूर, सहिया पार्वती देवी, रिमझिम लकड़ा, सुमन एक्का और करीना भगत—के खिलाफ बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष की ओर से मामला दर्ज कराया गया था। एफआईआर होने के बाद सभी आरोपी फरार थे, लेकिन पुलिस की लगातार कार्रवाई के चलते तीन आरोपितों ने अदालत की शरण ली।
मामला 12 अक्टूबर 2025 को सामने आया था, जब दो नवजात शिशुओं की कथित रूप से खरीद-फरोख्त की जानकारी मिली। आरोप है कि अभियुक्तों ने एक नवजात को एक लाख रुपये में और दूसरे को 90 हजार रुपये में बेच दिया था। मामला उजागर होते ही प्रशासन हरकत में आया और त्वरित छापेमारी कर दोनों नवजातों को सुरक्षित बरामद कर लिया गया।
फिलहाल दो आरोपित अब भी पुलिस की पकड़ से दूर हैं और उनकी तलाश जारी है।