गोड्डा जिले के डुमरिया स्थित सिलाई प्रशिक्षण केंद्र में अदाणी फाउंडेशन की ओर से महिलाओं को प्रोत्साहित और सम्मानित करने के उद्देश्य से एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। आयोजन में सिलाई प्रशिक्षण से जुड़ी ग्रामीण महिलाएं, मास्टर ट्रेनर और फाउंडेशन की टीम के सदस्य मौजूद रहे। कार्यक्रम में लगभग 80 प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया।
इस अवसर पर अदाणी फाउंडेशन के प्रतिनिधियों ने प्रशिक्षण प्राप्त कर रही महिलाओं के कार्यों की सराहना की और उन्हें अपने हुनर को आगे बढ़ाकर आजीविका के नए अवसर तलाशने के लिए प्रेरित किया। फाउंडेशन का यह प्रयास मुख्य रूप से ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की महिलाओं को कौशल विकास के जरिए आत्मनिर्भर बनाने पर केंद्रित है।
अदाणी फाउंडेशन के अनुसार, बीते सात वर्षों में गोड्डा जिले में दो हजार से अधिक महिलाओं को सिलाई का प्रशिक्षण दिया जा चुका है। इसका असर यह हुआ है कि कई महिलाएं अब हर महीने पांच से छह हजार रुपये तक की नियमित आय अर्जित कर रही हैं, जिससे उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
कार्यक्रम के दौरान महिलाओं ने मंच से अपने अनुभव साझा किए और बताया कि किस तरह सिलाई प्रशिक्षण ने उनके जीवन की दिशा बदल दी। इस मौके पर प्रशिक्षण के दौरान तैयार किए गए परिधानों की प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसे उपस्थित लोगों ने काफी सराहा। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली महिलाओं और मास्टर ट्रेनरों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के समापन पर महिलाओं ने अदाणी फाउंडेशन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस पहल ने उन्हें न केवल रोजगार का साधन दिया, बल्कि समाज में आत्मसम्मान और आत्मविश्वास भी बढ़ाया है। गोड्डा जिले में यह पहल महिला सशक्तिकरण और सामाजिक विकास की दिशा में एक प्रभावी कदम के रूप में देखी जा रही है।