रविवार शाम बोकारो स्टील प्लांट (BSL) में अचानक उत्पन्न बिजली संकट ने उत्पादन गतिविधियों को अस्थायी रूप से बाधित कर दिया। करीब 35 मिनट तक बनी इस आपात स्थिति का असर न केवल संयंत्र की कई इकाइयों पर पड़ा, बल्कि आसपास के टाउनशिप क्षेत्र में भी बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, खराब मौसम के कारण दामोदर घाटी निगम (DVC) से आने वाली बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। बताया जा रहा है कि तेज आंधी के दौरान एक पेड़ बिजली लाइन पर गिर गया, जिससे बीएसएल को सप्लाई देने वाली डीवीसी की दोनों ट्रांसमिशन लाइनें एक साथ बंद हो गईं। इससे संयंत्र के भीतर बिजली की उपलब्धता अचानक कम हो गई और उत्पादन प्रक्रिया प्रभावित हुई।
इस संकट के बीच बोकारो पावर सप्लाई कंपनी लिमिटेड (BPSCL) ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कंपनी ने लगभग 160 मेगावाट बिजली की आपूर्ति जारी रखी, जिससे ब्लास्ट फर्नेस, कोक ओवन, स्टील मेल्टिंग शॉप और पंप हाउस जैसी प्रमुख इकाइयों को पूरी तरह ठप होने से बचाया जा सका। इन इकाइयों को बीपीएससीएल से सीधे बिजली मिलती है, जिससे नुकसान सीमित रहा।
सूत्रों के मुताबिक, बिजली आपूर्ति में बाधा शाम करीब 5:50 बजे आई। बीएसएल और डीवीसी के बीच 220 से 240 मेगावाट बिजली सप्लाई का करार है। करीब 6:25 बजे एक ट्रांसमिशन लाइन को बहाल कर दिया गया, जिससे स्थिति धीरे-धीरे सामान्य होने लगी।
फिलहाल, एक ही लाइन के जरिए 120 से 140 मेगावाट बिजली उपलब्ध कराई जा रही है, जबकि दूसरी लाइन को दुरुस्त करने का काम जारी है। संयंत्र प्रबंधन और तकनीकी टीम पूरी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। अधिकारियों के अनुसार, जैसे ही समस्या की जानकारी मिली, तत्काल सुधार कार्य शुरू कर दिया गया और सभी जरूरी इकाइयों को चालू रखने के लिए हर संभव कदम उठाए गए।