22 हजार सरकारी शिक्षकों को नए साल से पहले मिलेगी मनचाही पोस्टिंग, नीतीश सरकार ने जारी किया गाइडलाइन

बिहार में नीतीश कुमार सरकार के शपथ ग्रहण के बाद सभी विभागों के कार्य में तेजी आ गई है। नई सरकार आने के 24 घंटे बाद ही शिक्षा विभाग ने ट्रांसफर पोस्टिंग का इंतजार कर रहे 22 हजार 732 शिक्षकों को बड़ा तोहफा दिया है।

22 हजार सरकारी शिक्षकों को नए साल से पहले मिलेगी मनचाही पोस्टिंग, नीतीश सरकार ने जारी किया गाइडलाइन
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By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
: Nov 21, 2025, 7:52:00 PM

बिहार में नीतीश कुमार सरकार के शपथ ग्रहण के  बाद   सभी  विभागों के कार्य में तेजी आ गई है। नई सरकार आने के 24 घंटे  बाद  ही शिक्षा विभाग ने ट्रांसफर पोस्टिंग का इंतजार कर रहे 22 हजार 732 शिक्षकों को  बड़ा तोहफा दिया है। नीतीश सरकार नए साल के आने से पहले इन सभी शिक्षकों  को उनकी   पसंद के स्कूल में पढ़ाने के  लिए पोस्टिंग देने जा रही है। 

बता दें कि मुख्यमंत्री पद की गोपनीयता की शपथ लेने के साथ ही नीतीश कुमार की सरकार ने शिक्षकों के तबादले को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है। गाइडलाइन के मुताबिक, शिक्षकों को नई पोस्टिंग 31 दिसंबर तक मिल जाएगी। पोस्टिंग ऑर्डर अलग-अलग चरण में जारी किए जाएंगे।

शिक्षा विभाग के अनुसार अगले महीने 16 दिसंबर से  शिक्षकों को स्कूल आवंटन शुरू कर दिया जाएगा।  वहीं वहीं, ट्रांसफर किए गए टीचर को तय समय के अंदर नई जगह पर ज्वाइन करना होगा। ट्रांसफर लेटर में ही शिक्षकों को ज्वाइनिंग डेट दे दी जाएगी।

शिक्षा विभाग द्वारा जारी गाइडलाइन के अनुसार  शिक्षकों को नई पोस्टिंग के लिए 5 प्रखंड का ऑप्शन देना होगा। आवंटित जिले के अंदर शिक्षक अपनी पसंद के 5 प्रखंड का नाम भरेंगे। संबंधित जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित समिति शिक्षकों से मिले 5-5 प्रखंड के विकल्प के आधार पर सॉफ्टवेयर के जरिए शिक्षकों की प्रखंडवार, कक्षावार, विषयवार पोस्टिंग भरेंगे। इसके बाद प्रखंड आवंटन की कार्रवाई 10 दिसंबर 2025 से 15 दिसंबर 2025 तक की जायेगी।

शिक्षकों को उनके स्कूल का आवंटन वैकेंसी के मुताबिक होगा। शिक्षकों को श्रेणीवार कर पोस्टिंग दिए जाएंगे। प्रखंड में रिक्ति के साथ-साथ स्कूल की वैकेंसी देखी जाएगी। पोस्टिंग में अलग-अलग कोटा के शिक्षकों को प्राथमिकता दी जाएगी।

इसके साथ ही अधिक उम्र वाले शिक्षकों को पहली प्राथमिकता दी जाएगी। बीपीएससी से अधिक प्रायोरिटी विशिष्ट शिक्षक को मिलेगा। इन दोनों से अधिक प्राथमिकता नियमित शिक्षक को मिलेगा। शिक्षकों में दिव्यांग सबसे ऊपर होंगे। दिव्यांग महिला, दिव्यांग पुरूष के बाद महिला शिक्षक को प्राथमिकता दी जाएंगी। फिर आखिरी में पुरुषों को मौका मिलेगा।