बिहार इस समय कड़ाके की ठंड और घने कोहरे की गंभीर चपेट में है, जिससे राज्य भर में आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। मौसम विभाग ने आज, रविवार को, राज्य के सभी 38 जिलों के लिए घना कोहरा और कोल्ड डे को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। सुबह और रात के समय दृश्यता बेहद कम हो गई है, जिससे सड़क और रेल यातायात पर भी असर पड़ा है।
राजधानी पटना में ठंड का प्रकोप सबसे अधिक देखने को मिला। यहां न्यूनतम और अधिकतम तापमान के बीच महज 3.6 डिग्री सेल्सियस का अंतर दर्ज किया गया, जो इस मौसम की गंभीरता को दर्शाता है। पटना राज्य का सबसे ठंडा शहर रहा। वहीं, राज्य में सबसे अधिक अधिकतम तापमान डेहरी और बांका में 20.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 11.5 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है। धीरे-धीरे शीतलहर चलने की शुरुआत होगी, जिससे ठिठुरन और बढ़ेगी। अनुमान है कि 10 जनवरी तक कड़ाके की ठंड बनी रहेगी।
घने कोहरे का असर सड़क हादसों के रूप में भी सामने आ रहा है। जमुई जिले के खैरा बाजार में रविवार सुबह एक बस और ट्रक की टक्कर हो गई। यह बस तीर्थयात्रियों को लेकर जा रही थी। राहत की बात यह रही कि हादसे में सभी यात्री सुरक्षित हैं, हालांकि कुछ लोगों को मामूली चोटें आई हैं।
मौसम विभाग का कहना है कि ऊपरी हिमालयी क्षेत्रों में हो रही बर्फबारी और राजस्थान की ओर से आ रही ठंडी पछुआ हवाओं का सीधा असर बिहार के मौसम पर पड़ रहा है। तेज हवाओं के कारण तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है, जिससे लोगों को घरों से बाहर निकलने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने और आवश्यक होने पर ही बाहर निकलने की अपील की है