पटना विश्वविद्यालय में बहुप्रतीक्षित छात्र संघ चुनाव 2025-26 पर फिलहाल ग्रहण लग गया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने परिसर में बढ़ती अनुशासनहीनता और अमर्यादित घटनाओं का हवाला देते हुए चुनाव प्रक्रिया को तत्काल प्रभाव से अगले आदेश तक स्थगित कर दिया है। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 28 फरवरी 2026 को मतदान होना था, लेकिन अब यह प्रक्रिया बीच में ही रोक दी गई है।
प्रशासन द्वारा जारी अधिसूचना में बताया गया है कि कैंपस में हाल के दिनों में ‘अमर्यादित एवं अप्रत्याशित’ घटनाएं सामने आईं, जिससे विश्वविद्यालय की शांति व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हुई। खास तौर पर पटना वीमेंस कॉलेज परिसर में छात्रों के एक गुट द्वारा बिना अनुमति प्रवेश, नारेबाजी और चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन की घटना को गंभीर माना गया है।
इसके अलावा, कुछ प्रत्याशियों द्वारा छपे हुए बैनर-पोस्टर का इस्तेमाल, महंगी चार पहिया गाड़ियों का प्रदर्शन और निर्धारित समय से पहले प्रचार शुरू करने जैसी शिकायतें भी प्रशासन के संज्ञान में आई थीं। इन गतिविधियों को विश्वविद्यालय प्रशासन ने चुनावी मर्यादा और शैक्षणिक वातावरण के खिलाफ बताया है।
नामांकन प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी और छात्र-छात्राओं में चुनाव को लेकर उत्साह भी चरम पर था। लेकिन प्रशासन का कहना है कि सुरक्षा और शैक्षणिक गरिमा से किसी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता। चुनाव प्रचार के नाम पर जिस प्रकार की आक्रामकता और अनुशासनहीनता देखने को मिली, उसे देखते हुए यह कदम आवश्यक हो गया।
स्थगन आदेश की प्रति महामहिम राज्यपाल के प्रधान सचिव और राज्य सरकार के उच्च शिक्षा विभाग को भी भेज दी गई है। अब सभी की नजरें इस पर टिकी हैं कि अगली अधिसूचना कब जारी होगी और चुनाव की नई तारीख कब घोषित की जाएगी।