नेपाल के पशुपतिनाथ मंदिर से बैद्यनाथ धाम तक बनेगा 250 किमी सिक्स लेन एक्सप्रेसवे, बिहार के 5 जिलों को बड़ा फायदा

बिहार में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया जा रहा है। राज्य में सड़कों का जाल तेजी से बिछाया जा रहा है और अब एक नया सिक्स लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे बनने जा रहा है

नेपाल के पशुपतिनाथ मंदिर से बैद्यनाथ धाम तक बनेगा 250 किमी सिक्स लेन एक्सप्रेसवे, बिहार के 5 जिलों को बड़ा फायदा
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By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
: Feb 24, 2026, 3:59:00 PM

बिहार में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया जा रहा है। राज्य में सड़कों का जाल तेजी से बिछाया जा रहा है और अब एक नया सिक्स लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे बनने जा रहा है, जो कई जिलों की तस्वीर बदल देगा। इस हाई-स्पीड कॉरिडोर के निर्माण से मुंगेर, सहरसा, बांका, मधेपुरा और खगड़िया के लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। खासकर मुंगेर जिले के लोगों के लिए यह परियोजना बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

जानकारी के अनुसार, पथ निर्माण मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने पशुपतिनाथ-बैद्यनाथ धाम हाई-स्पीड कॉरिडोर की घोषणा की है। यह एक्सप्रेसवे नेपाल के प्रसिद्ध तीर्थस्थल पशुपतिनाथ मंदिर से शुरू होकर बिहार होते हुए झारखंड के बैद्यनाथ धाम तक जाएगा। करीब 250 किलोमीटर लंबे इस ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का प्रवेश बिहार में सुपौल जिले से होगा। इसके बनने के बाद मुंगेर से बस के जरिए लगभग तीन घंटे में पशुपतिनाथ और दो घंटे में देवघर पहुंचना संभव हो सकेगा।

यह परियोजना सिर्फ यात्रा को आसान नहीं बनाएगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेगी। निर्माण कार्य के दौरान स्थानीय स्तर पर हजारों लोगों को काम मिलेगा। जिन किसानों की जमीन अधिग्रहित की जाएगी, उन्हें उचित मुआवजा मिलने से उनकी आर्थिक स्थिति भी मजबूत हो सकती है। 2026-27 के बजट में सड़क निर्माण परियोजनाओं के लिए 8,260 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जिसमें इस हाई-स्पीड कॉरिडोर को खास प्राथमिकता दी गई है।

इसके अलावा, वाराणसी से औरंगाबाद को जोड़ने वाली 6 लेन सड़क परियोजना अंतिम चरण में है। इसके पूरा होने पर बिहार से उत्तर प्रदेश होते हुए दिल्ली तक की यात्रा और तेज होगी। वहीं औरंगाबाद से चोरदाहा तक बनने वाली छह लेन सड़क झारखंड और पश्चिम बंगाल की कनेक्टिविटी को भी मजबूत करेगी।