ठंड की छुट्टियाँ मातम में बदलीं: छपरा में अंगीठी जलाकर सोने से नानी और ननिहाल आए 3 मासूम बच्चों की मौत

छपरा से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। शुक्रवार देर रात ठंड से बचने के लिए घर के अंदर अंगीठी जलाकर सोए एक ही परिवार के चार लोगों की दम घुटने से मौत हो गई

ठंड की छुट्टियाँ मातम में बदलीं: छपरा में अंगीठी जलाकर सोने से नानी और ननिहाल आए 3 मासूम बच्चों की मौत
swaraj post

By : स्वराज पोस्ट | Edited By: Karishma Singh
: Dec 27, 2025, 11:31:00 AM

छपरा से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। शुक्रवार देर रात ठंड से बचने के लिए घर के अंदर अंगीठी जलाकर सोए एक ही परिवार के चार लोगों की दम घुटने से मौत हो गई, जबकि तीन अन्य की हालत गंभीर बनी हुई है। इस हादसे के बाद पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है।

यह घटना भगवान बाजार थाना क्षेत्र के अंबिका कॉलोनी, भारत मिलाप चौक के पास की है। मृतकों में तीन मासूम बच्चे और एक बुजुर्ग महिला शामिल हैं। बच्चों की पहचान 3 वर्षीय तेजस, 4 वर्षीय अध्याय और 7 महीने की गुड़िया कुमारी के रूप में हुई है, जबकि 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला कमलावती देवी उनकी नानी थीं। तीनों बच्चे ठंड की छुट्टियों में नानी के घर आए हुए थे।

परिजनों के अनुसार, अधिक ठंड होने के कारण परिवार के सभी सदस्य रात में एक ही कमरे में सो रहे थे। ठंड से बचाव के लिए कमरे में अंगीठी जलाई गई थी, जो देर रात तक जलती रही। इससे कमरे में कार्बन मोनोऑक्साइड गैस भर गई और ऑक्सीजन की मात्रा धीरे-धीरे कम होती चली गई। गहरी नींद में होने के कारण किसी को इसका आभास नहीं हो सका।

शनिवार सुबह एक सदस्य को अचानक बेचैनी महसूस हुई। किसी तरह उसने दरवाजा खोला और बाहर निकलने की कोशिश की। होश में आने के बाद जब उसने बाकी लोगों को जगाना चाहा, तो चार लोग कोई प्रतिक्रिया नहीं दे रहे थे। आनन-फानन में सभी को छपरा सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने चार लोगों को मृत घोषित कर दिया।

वहीं, अमित कुमार, अमीषा और अंजलि की हालत गंभीर बताई जा रही है। डॉक्टरों के अनुसार, तीनों का इलाज जारी है और उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है।

इस हादसे ने एक बार फिर बंद कमरे में अंगीठी या कोयले के इस्तेमाल के खतरे को उजागर कर दिया है। प्रशासन और डॉक्टरों ने लोगों से ठंड के मौसम में विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है।