बिहार में इन दिनों मौसम का मिजाज बदला हुआ है। पिछले कुछ दिनों से जारी बारिश-आंधी और वज्रपात का सिलसिला आज भी जारी रहेगा। इसको लेकर मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। अगले कुछ दिनों तक राहत के साथ-साथ आफत की भी आशंका बनी हुई है।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार प्रदेश में प्री-मानसून गतिविधियां पूरी तरह सक्रिय हैं, जिसके प्रभाव से 2 मई तक आंधी, बारिश और वज्रपात (बिजली गिरने) की संभावना जताई गई है। पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने 2 मई को बिहार के ज्यादातर जिलों में मौसम खराब रहने की संभावना जताई है।
पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सिवान, सारण, मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, शिवहर, मधुबनी, दरभंगा, सुपौल, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार, सहरसा, मधेपुरा, समस्तीपुर, वैशाली, पटना, भोजपुर, बक्सर, कैमूर, रोहतास, औरंगाबाद, गया, नवादा, नालंदा, जहानाबाद, अरवल, बेगूसराय, खगड़िया, लखीसराय, शेखपुरा, जमुई, बांका, मुंगेर और भागलपुर में येलो अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में तेज हवा, गरज और बिजली गिरने की आशंका है। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी भी चलेगी।
वहीं, पटना में आज यानी 2 मई को अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस तो न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रहेगा। स्थानीय लोगों को सलाह दी गई है कि वे मौसम खराब होने की स्थिति में पक्के मकानों की शरण लें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचें, क्योंकि वज्रपात जानलेवा साबित हो सकता है। आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लें। विशेषकर ग्रामीण इलाकों में खेतों में काम करने वाले किसान और पशुपालक आसमान में बिजली कड़कने के समय सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं।
बता दें कि पटना मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, अगले 24 घंटों में तापमान में 2-3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है, जिसके बाद अगले 48 घंटों में 3-4 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि होगी। पूर्वानुमान के अनुसार, इस अवधि के दौरान न्यूनतम तापमान में भी धीरे-धीरे 3-4 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि होने की संभावना है। मौसम विभाग ने अगले 5 दिनों को महत्वपूर्ण बताया है। इस दौरान गरज-चमक के साथ बारिश होती रहेगी। उत्तर और पूर्वी बिहार में असर ज्यादा रहेगा।