मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। जहां सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते यानी DA बढ़ाने का फैसला लिया गया। वहीं महिलाओं को लेकर भी सरकार ने बड़ा ऐलान किया है। इस बैठक में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। बिहार इलेक्ट्रिक वाहन नीति 2023 के तहत अब महिलाओं समेत अन्य वर्गों को इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर डीबीटी के माध्यम से प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
राज्य सरकार ने बिहार इलेक्ट्रिक वाहन नीति, 2023 की कई धाराओं में संशोधन को मंजूरी दी है। इसके तहत इलेक्ट्रिक मालवाहक तिपहिया वाणिज्यिक वाहन, दोपहिया तथा महिलाओं के लिए चारपहिया गैर-वाणिज्यिक वाहनों की खरीद और निबंधन पर प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। यह राशि प्रत्यक्ष लाभ अंतरण यानी डीबीटी के माध्यम से लाभार्थियों के खाते में भेजी जाएगी।
परिवहन सचिव राज कुमार ने बताया कि नई नीति के तहत महिलाओं को इलेक्ट्रिक चारपहिया वाहन खरीदने पर प्रति वाहन 1 लाख रुपये का अनुदान दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन खरीदने वाली महिलाओं को 12 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि मिलेगी। प्रोत्साहन राषि वर्ष 2026-27 के लिए देय होगा।
इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन खरीदने पर सामान्य वर्ग के लाभार्थियों को 10 हजार रुपये तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग को 12 हजार रुपये प्रति वाहन अनुदान दिया जाएगा। वहीं इलेक्ट्रिक मालवाहक तिपहिया वाहन की खरीद पर सामान्य वर्ग को 50 हजार रुपये तथा अनुसूचित जाति एवं जनजाति वर्ग को 60 हजार रुपये तक की सहायता प्रदान की जाएगी।
सरकार का मानना है कि महिलाओं को इलेक्ट्रिक दोपहिया और चारपहिया वाहन खरीदने पर प्रोत्साहन राशि दिए जाने से उन्हें आत्मनिर्भर बनने में मदद मिलेगी। वहीं मालवाहक इलेक्ट्रिक वाहनों के जरिए रोजगार सृजन को भी बढ़ावा मिलेगा। वहीं राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग स्टेशन की संख्या बढ़ाने पर भी जोर दिया गया है। सरकार ने कहा है कि अधिक संख्या में चार्जर लगाने पर बढ़ी हुई दर से प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। इसके अलावा सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने के लिए भारी उद्योग मंत्रालय की पीएम ई-ड्राइव योजना के तहत भी अनुदान मिल सकेगा। इससे राज्य में चार्जिंग नेटवर्क मजबूत होगा।
परिवहन विभाग, बिहार की ओर से जारी प्रेस नोट के अनुसार मुख्यमंत्री बिहार पर्यावरण अनुकूल परिवहन रोजगार योजना की स्वीकृति मिली है। 2030 तक कम से कम 30% इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। वैश्विक अभियान EV 30@30 में सहयोग देने का लक्ष्य है। इलेक्ट्रिक माल वाहक, टिपहिया वाणिज्यिक वाहन तथा दो पहिया एवं केवल महिलाओं के लिए चार पहिया गैर वाणिज्यिक वाहन के क्रय एवं निबंधन हेतु डीबीटी के माध्यम से प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। इससे रोजगार का भी सृजन होगा। बिहार इलेक्ट्रिक वाहन नीति 2023 में संशोधन किया गया। भारत सरकार द्वारा 2030 तक कुल नए वाहनों में कम से कम 30% इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री सुनिश्चित हो सकेगा।