झारखंड के जामताड़ा जिले में पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के जन्म दिवस के मौके पर बुधवार को भव्य जुलूस-ए-मोहम्मदी निकाला गया। सरखेलडीह, पाकड़ीह सहित दर्जनों गांवों से हजारों की संख्या में लोग जुलूस में शामिल हुए। शहर की सड़कों पर नात और नारे की गूंज सुनाई दी। जुलूस के दौरान प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। जश्न-ए-मिलादुन्नबी के मौके पर जामताड़ा में निकाला गया जुलूस-ए-मोहम्मदी पूरे शहर में आकर्षण का केंद्र रहा। विभिन्न गांवों और मोहल्लों से निकले जुलूस एक साथ शहर में पहुंचे और पूरे शहर का भ्रमण किया।
हजारों की संख्या में शामिल लोगों ने पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की शान में नारे लगाते हुए जुलूस में हिस्सा लिया। जुलूस को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला। राजबाड़ी कमेटी की ओर से जुलूस में शामिल लोगों के लिए खजूर और शरबत की व्यवस्था की गई थी। इस दौरान प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद रहा। प्रखंड विकास पदाधिकारी अबिश्वर मुर्मू और थाना प्रभारी मनोज कुमार महतो पुलिस बल के साथ जुलूस के दौरान सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए रहे। शांतिपूर्ण माहौल में जुलूस संपन्न कराने को लेकर पुलिस प्रशासन की ओर से विशेष सतर्कता बरती गई। जुलूस में शामिल इमाम मौलाना अख्तर राजा ने कहा कि आज हमारे पैगंबर नबी सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की पैदाइश का दिन है। इस दिन पूरी दुनिया के मुसलमान खुशियां मनाते हैं। इसी के तहत जामताड़ा में भी भव्य जुलूस निकाला गया। उन्होंने जुलूस के दौरान प्रशासन की ओर से दिए गए सहयोग के लिए तहे दिल से धन्यवाद दिया।
वहीं झामुमो नेता लालू अंसारी ने कहा कि हजरत पैगंबर मोहम्मद साहब के जन्मदिन के मौके पर जामताड़ा शहर में जुलूस निकाला गया है। जामताड़ा हिंदू-मुस्लिम भाईचारे और गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल रहा है। उन्होंने बताया कि रात में मिलादुन्नबी का कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा। जसीम अंसारी ने कहा कि पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की पैदाइश को लोग धूमधाम से मना रहे हैं। सामाजिक सौहार्द बनाए रखने के लिए पूरे जामताड़ा में जुलूस-ए-मोहम्मदी को सफल बनाया गया। पैगंबर साहब ने आपसी भाईचारा बनाए रखने और एक-दूसरे का सम्मान करने का संदेश दिया है। इसी संदेश को जामताड़ावासियों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। जामताड़ा में जुलूस-ए-मोहम्मदी शांतिपूर्ण और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। जुलूस में शामिल लोगों ने आपसी भाईचारे, प्रेम और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने का संदेश दिया। वहीं रात में मिलादुन्नबी के कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा।
जामताडा से संतोष की रिपोर्ट