बिहार राज्य पथ परिवहन निगम (बीएसआरटीसी) की अंतर्राज्यीय सेवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। बिहार से विभिन्न राज्यों के बीच परिचालन के लिए नई एसी एवं नॉन-एसी डीलक्स बसें पटना पहुंचने लगी हैं। कुल 149 बसों में से 78 डीलक्स बसें फुलवारीशरीफ डिपो में पहुंच चुकी हैं। शेष बसें इस माह के अंत तक आ जाने की उम्मीद है। इन आधुनिक बसों का संचालन मुख्य रूप से आगामी त्योहारी सीजन में शुरू होगा। हालांकि कुछ बसें वर्तमान में पटना-देवघर (श्रावणी मेला) रूट पर सेवा देने लगी हैं।
निगम द्वारा दी गयी सूचना के मुताबिक, यह बसें बिहार से दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल और झारखंड के बीच चलाई जाएंगी। इससे बिहारी कामगारों, छात्रों, व्यापारियों और परिवारों को किफायती दर पर आरामदायक यात्रा का विकल्प मिलेगा। त्योहारों के दौरान घर लौटने वाले प्रवासी मजदूरों और विद्यार्थियों के लिए यह सुविधा विशेष रूप से लाभदायक साबित होगी। बीते दिनों हरियाणा और बिहार के बीच सीधे बस संचालन के लिए सहमती बनी है, जबकि अन्य राज्यों से बातचीत का दौर जारी है।
लंबी दूरी की यात्रा थकान रहित और सुरक्षित करने के उद्देश्य से इनमें आधुनिक सुविधाएं जैसे आरामदायक सीटें, बेहतर सस्पेंशन, एसी व्यवस्था (एसी बसों में) और सुरक्षा मानकों का ध्यान रखा गया है। निजी बसों पर निर्भरता घटने से यात्रियों को किफायती विकल्प उपलब्ध होगा।
इसी क्रम में निगम ने बताया कि पीएम ई-पिंक बसें भी पटना पहुंचनी शुरू हो गई हैं। अब तक पांच इलेक्ट्रिक पिंक बसें राजधानी आ चुकी हैं। ये बसें पुणे से चरणबद्ध तरीके से भेजी जा रही हैं। इनके आगमन से शहरों से अंतर-जिला और ग्रामीण क्षेत्रों में परिवहन व्यवस्था को विस्तार मिलेगा। नई बसों के परिचालन से रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।