नेपाल के गंडक नदी के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र में फ्लैश फ्लड की स्थिति उत्पन्न होने और इसके परिणामस्वरूप गंडक नदी के जलप्रवाह में संभावित आकस्मिक वृद्धि को देखते हुए मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन ने विशेष सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। सरकार के निर्देश के आलोक में जिलाधिकारी एवं वरीय पुलिस अधीक्षक स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
बुधवार को जिलाधिकारी एवं वरीय पुलिस अधीक्षक ने विभिन्न विभागों के वरीय पदाधिकारियों के साथ रेवा घाट सहित गंडक नदी के किनारे कई संवेदनशील स्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए की गई तैयारियों की समीक्षा की। अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से भी संवाद स्थापित कर स्थिति की जानकारी ली और उनके सुझाव प्राप्त किए। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को नदी के जलस्तर, तटबंधों, निचले इलाकों, पुल-पुलियों तथा अन्य संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी करने का निर्देश दिया। साथ ही स्थानीय लोगों के साथ सतत संपर्क बनाए रखने और किसी भी परिस्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।
जिलाधिकारी ने कहा कि आपदा की स्थिति में सामान्य जनजीवन प्रभावित न हो, इसके लिए मानक संचालन प्रक्रिया के अनुसार सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे पैनिक न हों, लेकिन पूरी तरह सजग और सतर्क रहें। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने तथा बच्चों, गर्भवती महिलाओं, बीमार व्यक्तियों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी गई है। उन्होंने लोगों से किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान नहीं देने की अपील की। जिलाधिकारी ने कहा कि अपुष्ट, अप्रामाणिक एवं भ्रामक सूचनाओं को प्रसारित न करें और केवल प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें। बाढ़ की स्थिति में बचाव के लिए सरकार द्वारा जारी एडवाइजरी का पालन करने की भी अपील की गई है।
प्रशासन के अनुसार तटबंधों की निगरानी के साथ एनडीआरएफ और एसडीआरएफ टीमों की तैनाती की गई है। संभावित बाढ़ की स्थिति में सामुदायिक रसोई केंद्रों के संचालन, सूखा राशन वितरण, स्वास्थ्य जांच एवं दवाओं की उपलब्धता, पशुओं के लिए कुट्टी-भूसा एवं चारा वितरण, पशु चिकित्सा सेवा, स्वच्छ पेयजल और शौचालय जैसी आवश्यक सुविधाओं की भी तैयारी पूरी कर ली गई है। अनुमंडल पदाधिकारियों एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारियों को लगातार क्षेत्र भ्रमण करने तथा बच्चों, महिलाओं, किसानों, बुजुर्गों सहित आम लोगों से नियमित संवाद स्थापित कर फीडबैक लेने का निर्देश दिया गया है। स्थिति के अनुसार तत्काल रिस्पॉन्ड करने के लिए प्रशासनिक तंत्र को अलर्ट मोड में रखा गया है।
जिलाधिकारी ने कहा कि संभावित बाढ़ प्रभावित लोगों के जान-माल की सुरक्षा और उन्हें समय पर राहत पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी प्रकार की आवश्यकता होने पर तत्काल नियंत्रण कक्ष से संपर्क करें।
आपातकालीन संपर्क नंबर:
जिला आपातकालीन संचालन केंद्र, मुजफ्फरपुर: 0621-2212007
राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र, आपदा प्रबंधन विभाग, बिहार सरकार, पटना: 0612-2294204 / 205
आपातकालीन सहायता नंबर: 1070
मुजफ्फरपुर से मुकेश चौरसिया की रिपोर्ट